मध्य प्रदेश में धार्मिक और आध्यात्मिक पर्यटन को दिया जा रहा है बढ़ावा : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
भोपाल, 10 अक्टूबर (हि.स.)। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रदेश में धार्मिक और आध्यात्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए अनेक कदम उठाए गए हैं। उज्जैन में महाकालेश्वर मंदिर परिसर श्री महाकाल लोक में विकसित होने से श्रद्धालुओं और पर्यटकों में कई गुना वृद्धि देखी गई है। मध्य प्रदेश सरकार, धार्मिक और आध्यात्मिक पर्यटन को बढ़ावा दे रही है।
मप्र के मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने यह बातें शनिवार को बिहार के बोधगया प्रवास के दौरान मीडिया प्रतिनिधियों से बातचीत करते हुए कही। उन्होंने कहा कि सनातन धर्म में पितृों का महत्व और सम्मान है। इस नाते गया आने वाले श्रद्धालु बोधगया में भी दर्शन और भ्रमण के लिए अवश्य आते हैं। मध्य प्रदेश सरकार बौद्ध धर्म से जुड़े स्थानों के आवश्यक विकास के लिए कार्य कर रही है।
उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश में धार्मिक पर्यटन में तेजी आई है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में विकास के साथ राज्यों के परस्पर संबंधों में भी सौहार्द्र बढ़ा है। राज्यों के लिए भी धार्मिक पर्यटन सहित अन्य व्यवस्थाओं का परस्पर अध्ययन कर अपने राज्य में नागरिकों के लिए बेहतर सुविधाएं विकसित करने का यह अवसर है। प्रधानमंत्री मोदी के मार्गदर्शन से सभी राज्य विकास के क्षेत्रों में आगे बढ़ रहे हैं।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि बोधगया, बौद्ध धर्म के अनुयायियों का महत्वपूर्ण श्रद्धा स्थल है। यहां अन्य श्रद्धालु और पर्यटक भी बड़ी संख्या में आते हैं। मध्य प्रदेश से भी सम्राट अशोक का गहरा संबंध रहा है। लगभग 2200 वर्ष पहले सम्राट अशोक पाटलिपुत्र में सत्तारूढ़ थे। इसके पूर्व वे अवंती महाजनपद के प्रशासनिक प्रमुख भी थे, जिसकी राजधानी उज्जैन थी। उनके पुत्र महेन्द्र और पुत्री संघमित्रा का बाल्यकाल उज्जैन में बीता। इसी तरह भगवान श्री कृष्ण के सुपुत्र सांभ्य ने बिहार के कई स्थानों पर सूर्य मंदिरों का निर्माण करवाया। इस तरह मध्य प्रदेश और बिहार के संबंध काफी प्राचीन हैं।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्य प्रदेश के उज्जैन सहित देश के धार्मिक महत्व के अनेक स्थानों जैसे बनारस, सोमनाथ आदि में सुविधाओं का विकास हो रहा है। तीर्थाटन का महत्व बढ़ रहा है। मध्य प्रदेश में धार्मिक पर्यटन के क्षेत्र में प्रबंधन के कीर्तिमान बन रहे हैं।
देश में अराजकता का माहौल बनाने का प्रयास कर रहे हैं राहुल गांधी
इस दौरान मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने राहुल गांधी के नेतृत्व में विपक्ष द्वारा दिल्ली में किए जा रहे प्रदर्शन पर भी जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि भारत लोकतांत्रिक देश है, जहां जनता अपने मताधिकार की ताकत से राजनीतिक दलों को सरकार एवं विपक्ष में बैठाती है। विपक्ष की भी यह जिम्मेदारी है कि वह अपनी भूमिका का निर्वहन करे और जनादेश का सम्मान करे, लेकिन इसके बजाय राहुल गांधी एवं उनके साथी बार-बार देश में अराजकता का माहौल बनाने का प्रयास कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि जिन राज्यों में कांग्रेस की सरकार है, वहां SIR की प्रक्रिया को सही मानना और जिन राज्यों में कांग्रेस की सरकार नहीं है, वहां इस प्रक्रिया को गलत ठहराना कांग्रेस के दोहरे चरित्र को उजागर करता है। यह अत्यंत निंदनीय है। लोकतंत्र आरोपों से नहीं, तथ्यों और जनता के विश्वास से मजबूत होता है। अगर राहुल गांधी और उनके साथ के लोग केवल अराजकता फैलाएंगे तो यह उचित नहीं है। मैं इसकी कड़ी शब्दों में निंदा करता हूं। बिहार, बंगाल, यूपी से दशकों पहले से कांग्रेस साफ हो गई तो कांग्रेस को अपना आत्ममूल्यांकन करने की जरूरत है।
मोक्षभूमि गया जी में मुख्यमंत्री डॉ. यादव का भव्य धार्मिक अनुष्ठान
इससे पहले सपरिवार बोधगया पहुंचे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने फल्गु तट और पावन वेदी पर वैदिक मंत्रोच्चार के बीच अपने पूर्वजों का महा-तर्पण और पिंडदान किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव शंकराचार्य मठ पहुंचे। मठ परिसर में महंत त्रिवेणी गिरी, धार्मिक न्यास परिषद के सदस्य स्वामी विवेकानंद गिरी और व्यवस्थापक सतानंद गिरी ने उनका स्वागत किया।
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हिन्दुस्थान समाचार / मुकेश तोमर

