home page

भाजयुमो की बैठक में एसआईआर पर विपक्ष के आरोपों का जवाब देने की बन सकती है रणनीति

 | 
भाजयुमो की बैठक में एसआईआर पर विपक्ष के आरोपों का जवाब देने की बन सकती है रणनीति


नई दिल्ली, 27 अक्टूबर (हि.स.)। मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर विपक्ष और सत्तापक्ष के बीच जारी राजनीतिक बहस के बीच भारतीय जनता युवा मोर्चा (भाजयुमो) 29 अक्टूबर, गुरुवार को अपनी राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक आयोजित करने जा रहा है। नई टीम के गठन के बाद राष्ट्रीय कार्यकारिणी की यह पहली बैठक होगी, जो दिल्ली स्थित भाजपा के विस्तार कार्यालय में होगी। बैठक में एसआईआर को लेकर विपक्ष के आरोपों का जवाब देने, विधानसभा के आगामी चुनावों के लिए युवा कार्यकर्ताओं की भूमिका तय करने और संगठन को अधिक सक्रिय बनाने जैसे मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है।

पार्टी सूत्रों के मुताबिक बैठक में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन, राष्ट्रीय महामंत्री हरीश द्विवेदी और भाजयुमो के राष्ट्रीय अध्यक्ष हेमंत जोशी शामिल हो सकते हैं। बैठक को नई टीम की संगठनात्मक प्राथमिकताएं तय करने और आगामी राजनीतिक कार्यक्रमों की रणनीति तैयार करने के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

बैठक के प्रमुख संभावित एजेंडे में एसआईआर को लेकर विपक्ष के आरोपों का जवाब देने के लिए भाजयुमो की ओर से जमीनी अभियान चलाने का मुद्दा शामिल है। सूत्रों के अनुसार भाजयुमो के कार्यकर्ता इस विषय पर लोगों के बीच जाकर भाजपा का पक्ष रख सकते हैं और एसआईआर से जुड़े मुद्दे पर जागरूकता अभियान चला सकते हैं। एसआईआर को लेकर विपक्षी दलों की आपत्तियों के बीच भाजयुमो इस विषय पर अपनी रणनीति तैयार कर सकता है। हालांकि, अभियान की रूपरेखा, कार्यक्रमों और उनके क्रियान्वयन को लेकर अंतिम निर्णय बैठक में होने वाली चर्चा के बाद ही स्पष्ट होगा।

बैठक का दूसरा प्रमुख संभावित एजेंडा आगामी विधानसभा चुनावों वाले राज्यों में संगठन की भूमिका तय करना है। बैठक में संगठन के आंतरिक कामकाज की समीक्षा और युवा मोर्चे को अधिक गतिशील बनाने के उपायों पर भी चर्चा होने की संभावना है।

राजनीतिक दलों के लिए युवा मतदाताओं के मुद्दे, रोजगार, शिक्षा, कौशल विकास और डिजिटल माध्यमों पर संवाद महत्वपूर्ण विषय बने हुए हैं। ऐसे में भाजयुमो की आगामी रणनीति में युवा वर्ग के साथ संपर्क बढ़ाने और संगठनात्मक गतिविधियों को प्रभावी बनाने से जुड़े मुद्दों पर भी ध्यान दिया जा सकता है।

--------------

हिन्दुस्थान समाचार / सौरव राय