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कांग्रेस के प्रदर्शन पर भाजपा का हमला, कहा - यह विरोध नहीं, अराजकता का मॉडल

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कांग्रेस के प्रदर्शन पर भाजपा का हमला, कहा - यह विरोध नहीं, अराजकता का मॉडल


नई दिल्ली, 08 अक्टूबर (हि.स.)। कांग्रेस के प्रदर्शन के दौरान पुलिसकर्मियों के साथ कथित दुर्व्यवहार और हिंसा को लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने कांग्रेस और राहुल गांधी पर तीखा हमला बोला है। भाजपा ने आरोप लगाया कि प्रदर्शन के दौरान महिला पुलिसकर्मियों की वर्दी तक फाड़ दी गई और पुलिसकर्मियों के साथ मारपीट की गई। यह लोकतांत्रिक विरोध नहीं, बल्कि अराजकता का मॉडल है।

पत्रकारवार्ता में सिद्धार्थ यादव ने आरोप लगाया कि प्रदर्शन में कांग्रेस के कार्यकर्ता शराब के नशे में शामिल थे। उन्होंने कहा कि देश की राजधानी में कानून-व्यवस्था बनाए रखने में लगे पुलिसकर्मियों के साथ इस तरह का व्यवहार किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जा सकता।

उन्होंने कहा कि भाजपा निराशा या हताशा की राजनीति नहीं करती। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत को दुनिया का सबसे बड़ा विनिर्माण केंद्र बनाने की दिशा में आगे बढ़ाया है और भाजपा का एजेंडा विकसित भारत 2047 है। इसके विपरीत कांग्रेस की कार्यशैली और संस्कृति कल देश के सामने उजागर हुई है, जिसका जवाब कांग्रेस को देना चाहिए।

भाजपा नेता ने गुरुवार को कहा कि राहुल गांधी और कांग्रेस के चेहरे पर पड़ा नकाब उतर चुका है। उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी जिस तरह की राजनीति और मॉडल को आगे बढ़ाना चाहते हैं, उसकी झलक राजधानी में देखने को मिली। उन्होंने सवाल किया कि संविधान की दुहाई देने वाले लोग उसके मूल्यों का पालन कब करेंगे।

सिद्धार्थ यादव ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी जहां भोजन करने पहुंचे, वहां एक कश्मीरी मुस्लिम युवक के साथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मारपीट की। उन्होंने कहा कि जब देश की राजधानी में कांग्रेस कार्यकर्ता हिंसा में शामिल हों तो यह सवाल उठना स्वाभाविक है कि क्या यही लोकतंत्र है।

उन्होंने प्रदर्शन की तस्वीरों का हवाला देते हुए आरोप लगाया कि राहुल गांधी और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने वर्दी में तैनात पुलिसकर्मियों के साथ बर्बरता की। उन्होंने महिला पुलिसकर्मियों के साथ कथित दुर्व्यवहार का भी मुद्दा उठाया। प्रियंका गांधी पर भी महिला पुलिसकर्मी के साथ कथित तौर पर अभद्र व्यवहार का आरोप लगाया।

सिद्धार्थ यादव ने कांग्रेस के ‘मोहब्बत की दुकान’ के नारे पर भी निशाना साधते हुए कहा कि आज देश के सामने यह स्पष्ट हो गया है कि इस दुकान में नफरत का सामान भी मौजूद है। उन्होंने राहुल गांधी के ‘स्मैश द पैट्रियार्की’ और प्रियंका गांधी के ‘लड़की हूं, लड़ सकती हूं’ जैसे नारों का उल्लेख करते हुए सवाल उठाया कि इन नारों की वास्तविकता क्या है।

उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में हर नागरिक के अधिकार समान हैं और सवाल किया कि यदि कोई व्यक्ति नेहरू-गांधी या वाड्रा परिवार से नहीं आता है, तो क्या उसके मानवाधिकार नहीं हैं। भाजपा नेता ने कांग्रेस के प्रदर्शन के दौरान हुई कथित हिंसा की कड़ी निंदा करते हुए इसे लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ बताया।

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हिन्दुस्थान समाचार / विजयालक्ष्मी