म्यूल बैंक खातों के जरिए देशभर में वित्तीय धोखाधड़ी करने वाले गिरोह के छह सदस्य गिरफ्तार
- पाकिस्तानी खुफिया एजेंटों से संदिग्ध संबंधों की भी जांच- मोबाइल, लैपटॉप, बैंक पासबुक और एटीएम कार्ड जब्त
गुवाहाटी, 02 नवंबर (हि.स.)। असम पुलिस के विशेष कार्य बल (एसटीएफ) ने म्यूल बैंक खातों के जरिए देशभर में वित्तीय धोखाधड़ी करने वाले संगठित गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए छह लोगों को गिरफ्तार किया है। गिरोह के पाकिस्तानी खुफिया एजेंटों (पीआईओ) से संदिग्ध संबंध होने की आशंका के मद्देनजर इस पहलू की भी जांच की जा रही है।
एसटीएफ ने सोमवार को जारी बयान में बताया कि केंद्रीय एजेंसियों से मिली खुफिया जानकारी के आधार पर यह कार्रवाई की गई। इसमें तेजपुर स्थित गजराज कोर के सैन्य खुफिया विभाग (एमआई) से मिली सूचना भी शामिल थी। इस संबंध में शोणितपुर पुलिस की शिकायत पर एसटीएफ थाने में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
प्रारंभिक जांच में सामने आया कि गुवाहाटी के चांदमारी थाना क्षेत्र के गणेश नगर निवासी आरोपित मरजिना बेगम के भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) खाते में 22 जून से 5 अगस्त 2026 के बीच महज 47 दिनों में कई लाख रुपये जमा हुए। जांच में यह भी पाया गया कि प्रत्येक जमा के तुरंत बाद रकम निकाल ली जाती थी। इस संदिग्ध लेनदेन के आधार पर खाते की जांच आगे बढ़ाई गई।
जांच के दौरान खाते से जुड़े संदिग्ध वित्तीय लेनदेन में गुवाहाटी के बामुनिमैदान निवासी मोफिजुल हक (22) और हिमांशु दास (19) की संलिप्तता सामने आई। प्रारंभिक जांच में एक पाकिस्तानी खुफिया एजेंट से संभावित संबंध के संकेत भी मिले। इसके बाद एसटीएफ ने 28 अक्टूबर को अभियान चलाकर मरजिना बेगम, मोफिजुल हक और हिमांशु दास को गिरफ्तार किया। उनके पास से मोबाइल फोन और आपत्तिजनक दस्तावेज बरामद किए गए।
पूछताछ में मोफिजुल हक और हिमांशु दास ने गिरोह से जुड़े कुछ अन्य लोगों के नाम बताए। इसके आधार पर एसटीएफ ने 29 अक्टूबर को गणेश बागान निवासी रकीब हुसैन (34) को गिरफ्तार किया। वहीं, 30 अक्टूबर को उजान बाजार निवासी इफ्तार हुसैन (25) और आनंद बागान निवासी अरमान अजुज हक (20) को पकड़ा गया।
अभियान के दौरान आरोपितों के कब्जे से मोबाइल फोन, लैपटॉप, अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, बैंक पासबुक, एटीएम कार्ड और कई आपत्तिजनक दस्तावेज जब्त किए गए। छापेमारी में गुवाहाटी सिटी पुलिस ने भी एसटीएफ की सहायता की।
एसटीएफ के अनुसार, प्रारंभिक जांच में पता चला है कि यह गिरोह पिछले करीब दो वर्षों से देश के विभिन्न हिस्सों में कई म्यूल बैंक खातों के माध्यम से धोखाधड़ी के लेनदेन कर रहा था। जांचकर्ताओं को संदेह है कि गिरोह ने लोगों से कई करोड़ रुपये की ठगी की है। गिरोह का मुख्य सरगना असम के बाहर से इसके सदस्यों की गतिविधियों का संचालन और समन्वय कर रहा है।
एसटीएफ ने बताया कि मामले में अब तक छह आरोपितों को गिरफ्तार किया गया है। गिरोह के अन्य सदस्यों की पहचान और गिरफ्तारी, ठगी की रकम के लेनदेन का पता लगाने तथा अतिरिक्त म्यूल बैंक खातों की पहचान कर पूरे नेटवर्क का खुलासा करने के लिए जांच जारी है। इसके साथ ही पाकिस्तानी खुफिया एजेंटों अथवा अन्य राष्ट्रविरोधी तत्वों की संभावित संलिप्तता की भी पड़ताल की जा रही है।-----------
हिन्दुस्थान समाचार / श्रीप्रकाश

