धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा देश के युवाओं के संघर्ष और जद्दोजहद की बड़ी जीत : ओवैसी
- ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने मुरादाबाद के जामा मस्जिद पार्क में लोगों को किया संबोधित
मुरादाबाद, 25 जुलाई (हि.स.)। केंद्र सरकार में शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा देश के युवाओं के संघर्ष और जद्दोजहद की बड़ी जीत है। यह हक की झूठ पर जीत है। यह उन तमाम नौजवानों की कामयाबी है जिन्होंने अपने अधिकारों के लिए संघर्ष किया। यह बातें ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के प्रमुख और सांसद बैरिस्टर असदुद्दीन ओवैसी ने मुरादाबाद के जामा मस्जिद पार्क में शनिवार रात्रि में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए कहीं।
शनिवार को मुरादाबाद पहुंचे एआईएमआईएम प्रमुख सांसद बैरिस्टर असदुद्दीन ओवैसी ने जामा मस्जिद पार्क में अयोजित जनसभा में केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि यदि मोदी सरकार यह समझती है कि वह कुछ भी कर सकती है, तो इस आंदोलन ने साफ संदेश दे दिया है कि देश में तानाशाही नहीं चलेगी।
एआईएमआईएम प्रमुख ने कहा कि लोकतंत्र को संविधान के दायरे में रहकर ही चलाना होगा। ओवैसी ने उम्मीद जताई कि भविष्य में राष्ट्रीय या राज्य स्तर की किसी भी प्रतियोगी परीक्षा के प्रश्नपत्र लीक जैसी घटनाएं नहीं होंगी और युवाओं का विश्वास कायम रहेगा।
कार्यक्रम के दौरान बिजली आपूर्ति बाधित होने पर उन्होंने उत्तर प्रदेश सरकार पर भी तंज कसा। उन्होंने कहा कि प्रदेश के मुसलमानों के पास अब बड़ा राजनीतिक विकल्प है और आने वाले विधानसभा चुनाव में उनकी पार्टी बेहतर प्रदर्शन करेगी। उन्होंने दावा किया कि आने वाले समय में एआईएमआईएम की आवाज उत्तर प्रदेश विधानसभा में भी सुनाई देगी।
जंतर-मंतर पर हुए आंदोलन का उल्लेख करते हुए असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि धरना दे रहे युवाओं ने ऐसा जन दबाव बनाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भी इस मुद्दे पर रात को वीडियो बनाना पड़ा। उन्होंने कहा कि युवाओं के लोकतांत्रिक संघर्ष ने सरकार को फैसला बदलने के लिए मजबूर किया।
हिन्दुस्थान समाचार / निमित कुमार जायसवाल

