home page

ठाणे पालघर में किसी भी तहसील सूखा नहीं, अन्य 265 प्रभावित

 | 

मुंबई, 26सितंबर (हि. स. ) I महाराष्ट्र सरकार ने राज्य के किसानों और गांव के लोगों को सूखे के संकट से उबारने में मदद के लिए बहुत ज़रूरी और गंभीर कदम उठाए हैं। 2026 के खरीफ सीज़न में बारिश की कमी और फसलों की हालत को देखते हुए, राहत और पुनर्वास विभाग ने राज्य के 265 तहसीलों में ‘ट्रिगर-1’ के तहत सूखा घोषित कर दिया है। 25 सितंबर 2026 को, इस बारे में एक सरकारी फ़ैसला जारी किया गया और प्रभावित इलाकों के लिए 12 बड़ी छूट और ज़रूरी कदम लागू किए गए हैं। दूसरी तरफ, ठाणे जिले के लिए राहत की बात यह है कि ठाणे जिले के किसी भी तहसील में ‘ट्रिगर-1’ लागू नहीं किया गया है और तहसीलों की संख्या ‘ज़ीरो’ (शून्य) है।सूखा प्रभावित लोगों के लिए सरकार ने 12 बड़ी रियायतों का ऐलान किया है जिसमें भूमि राजस्व कर माफ फसल कर्ज का रिस्ट्रक्चर बिजली भुगतान में साढ़े सात % छूट, खेत के पंप भी 7.5 प्रतिशत रियायत विद्यार्थियों को फीस पूरी छूट दी गई हैं I

सूखे से राहत के लिए सरकार कितनी गंभीरता से काम कर रही है, यह एडमिनिस्ट्रेशन को दिए गए तरीके से साफ है। सूखा मैनेजमेंट कोड 2016 के नियमों के मुताबिक, सरकार ने यह फैसला 24 सितंबर, 2026 को एग्रीकल्चर कमिश्नर की रिपोर्ट के बाद सिर्फ 24 घंटे में लिया है।सभी संबंधित डिस्ट्रिक्ट कलेक्टरों को प्रभावित इलाकों में फसलों का तुरंत पंचनामा शुरू करने का आदेश दिया गया है। ट्रांसपेरेंसी बनाए रखने के लिए, सर्वे किए गए इलाकों में फसलों के GPS कोऑर्डिनेट्स और लाइव फोटोग्राफ्स इकट्ठा करने और एग्रीकल्चर कमिश्नर के ज़रिए तुरंत सरकार को एक ऑब्जेक्टिव रिपोर्ट देने के निर्देश दिए गए हैं। इसके अलावा, असली फसल नुकसान के लिए फाइनेंशियल मदद जल्द ही एक अलग सरकारी फैसले के ज़रिए बांटी जाएगी।*ठाणे जिले का स्टेटस अच्छी बारिश, सूखा-मुक्त!सरकारी डेटा के मुताबिक, कोंकण रेवेन्यू डिवीज़न में ठाणे जिले के लिए एक बहुत ही सुकून देने वाली तस्वीर सामने आई है I

ठाणे जिले में कोई भी तहसील सूखा प्रभावित नई साथ ही पड़ोसी पालघर जिले के किसी भी तहसील में भी सूखा नहीं पड़ा है । हालांकि, कोंकण के रायगढ़ (1 तहसील ), रत्नागिरी (3 तहसील ) और सिंधुदुर्ग (8 तहसील ) जिलों के कुछ हिस्सों में सूखे के हालात पैदा होने पर उपाय लागू किए गए हैं। इस रिपोर्ट से यह साफ होता है कि ठाणे जिले में अच्छी बारिश होने से खेती और पानी के रिसोर्स की स्थिति कंट्रोल में है। यह स्थिति राज्य के कुल 265 तहसील में है, जिसमें छत्रपति संभाजीनगर, नासिक, पुणे, अमरावती और नागपुर डिवीज़न के ज़्यादातर तहसील शामिल हैं। बीड (11), अहिल्यानगर (14), जलगांव (15), यवतमाल (16), अमरावती (14), नागपुर (14), सोलापुर (11) ज़िलों में बड़ी संख्या में तहसील प्रभावित हुए हैं।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / रवीन्द्र शर्मा