15 अध्यापक आदर्श शिक्षक ठाणे मेयर अवॉर्ड से सम्मानित
मुंबई , 09 सितंबर (हि. स.) I शिक्षक दिवस के मौके पर ठाणे म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन की तरफ से आयोजित एक प्रोग्राम में मेयर शर्मिला पिंपोलकर ने ठाणे म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन एरिया के 15 टीचर्स को 'आदर्श शिक्षक मेयर अवॉर्ड' से सम्मानित किया। राम गणेश गडकरी रंगायतन में हुए इस प्रोग्राम में शिक्षकों के शिक्षा काम को सम्मानित किया गया।
मेयर शर्मिला पिंपोलकर की अध्यक्षता में हुए इस प्रोग्राम में नेता सदन हनमंत जगदाले, मुख्य अतिथि वरिष्ठ साहित्यकार प्रो. अशोक बागवे, एडिशनल कमिश्नर प्रशांत रोडे, डिप्टी कमिश्नर डॉ. मिताली संचेती, डिप्टी कमिश्नर जी. जी. गोडेपुरे, एजुकेशन ऑफिसर ओंकार बाजगे, अकाउंट्स ऑफिसर चांगदेव, ग्रुप ऑफिसर संगीता बामने आदि मौजूद थे।
मनपा क्षेत्र से परवीन सैयद, लता देवकर, किरण इंगोले, विनीता राणे, प्रांजलि निजाई, सुनीता महाजन, विद्या जाधव, विनीता भंगाले, अख्तर अहमद, मोहम्मद शेख और सोहेल खलील के साथ ही प्राइवेट एडेड स्कूलों से दत्तात्रेय बिन्नर, माधुरी अलाई, कल्पना सपकाले और शोभा मोरे को आइडियल टीचर मेयर अवॉर्ड से सम्मानित किया गया।
इसके अलावा, ठाणे मनपा एजुकेशन डिपार्टमेंट के इंचार्ज ग्रुप ऑफिसर संगीता बामने, ग्रुप हेड विश्वास कोल्हे और साइंस टीचर रमेश बोरोले को स्पेशल अवॉर्ड से सम्मानित किया गया। इस मौके पर ग्रुप हेड नीलिमा पाटिल और सेंटर हेड आशा पाटे को भी सम्मानित किया गया।
इस मौके पर मेयर शर्मिला पिंपोलकर ने कहा, “एक अध्यापक सिर्फ क्लासरूम में पढ़ाने वाला नहीं होता, बल्कि विद्यार्थियों को सोचना, सपने देखना और असफलता से फिर से उठना भी सिखाता है। आज अवॉर्ड पाने वाले टीचरों ने अपने काम से यह साबित किया है। यह अवॉर्ड सिर्फ सम्मान का बैज नहीं है, बल्कि स्टूडेंट्स के प्रति उनकी कई सालों की सच्ची मेहनत, त्याग और वफादारी की पहचान है।”
अतिरिक्त आयुक्त 2 प्रशांत रोडे ने टीचरों से अपील की कि वे विद्यार्थियों की रुचियों, क्षमताओं और झुकाव को पहचानें और उनकी व्यक्तित्व के सर्वांगीण विकास के लिए कोशिश करें। उन्होंने बताया कि भले ही म्युनिसिपल स्कूलों में सीबीएसई और इंग्लिश मीडियम स्कूल शुरू किए जा रहे हैं, लेकिन अगर प्राइमरी एजुकेशन मातृभाषा में की जाए तो विद्यार्थियों की शिक्षा नींव मजबूत होती है।
डिप्टी कमिश्नर डॉ. मिताली संचेती ने अपने इंट्रोडक्शन में बताया कि ठाणे म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन के स्कूलों में स्टूडेंट्स के लिए कई तरह की एजुकेशनल, साइंटिफिक, कल्चरल और खेल गतिविधि शुरू की जा रही हैं। उन्होंने कहा कि साइंस एक्टिविटी, इसरो विज़िट, स्कॉलरशिप एग्जाम, कल्चरल फेस्टिवल, स्पोर्ट्स कॉम्पिटिशन वगैरह के ज़रिए विद्यार्थी को कई मौके दिए जा रहे हैं। इस साल, म्युनिसिपल स्कूलों के 14 विद्यार्थियों ने स्कॉलरशिप एग्जाम की मेरिट लिस्ट में जगह बनाई है, और ठाणे म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन का स्कॉलरशिप एग्जाम का रिज़ल्ट 86 परसेंट रहा है,।
प्रो. अशोक बागवे ने अध्यापक की भूमिका पर रोशनी डालते हुए कहा कि विद्यार्थियों की भाषा, ज़िंदगी और हालात को समझना और उन्हें सही आकार देना टीचर्स का एक ज़रूरी काम है। टीचर्स की ज़िम्मेदारी है कि जो विद्यार्थी पढ़ाई में पीछे रह जाते हैं, उन्हें आगे लाएं, और विद्यार्थियों को हमेशा से अलग और नए आइडिया की कहानियाँ सुनाकर उनके मन में 'क्यों?' और 'कैसे?' सवाल पैदा करें।
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हिन्दुस्थान समाचार / रवीन्द्र शर्मा

