मंत्रालय में मत्स्य पालन एवं बंदरगाह मंत्री नितेश राणे के साथ विधायक स्नेहा दुबे-पंडित की बैठक
-मत्स्य पालन प्रशिक्षण केंद्र और रो-रो सेवा शुरू करने को लेकर हुई चर्चा
मुंबई, 20 अप्रैल, (हि. स.)। वसई विधानसभा की विधायक स्नेहा दुबे-पंडित के निरंतर प्रयासों के चलते सोमवार, 20 अप्रैल 2026 को मंत्रालय में महाराष्ट्र राज्य के मत्स्य पालन और बंदरगाह मंत्री नितेश राणे की अध्यक्षता में वसई-विरार क्षेत्र के विकास से संबंधित दो अत्यंत महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत बैठक हुई। इसमें वसई में एक अत्याधुनिक मत्स्य पालन प्रशिक्षण केंद्र स्थापित करने और नायगांव (जुचंद्र) से घोड़बंदर के बीच रो-रो सेवा शुरू करने जैसी प्रमुख मांगों पर विस्तार से चर्चा की गई।
वसई तालुका अपने पारंपरिक मत्स्य व्यवसाय के लिए जाना जाता है और यह हजारों मछुआरा परिवारों की आजीविका का मुख्य स्रोत है। विधायक स्नेहा दुबे-पंडित ने मंत्री का ध्यान इस ओर आकर्षित किया कि इस क्षेत्र के आधुनिकीकरण और युवाओं को कौशल-आधारित रोजगार उपलब्ध कराने के लिए एक अत्याधुनिक प्रशिक्षण केंद्र बनाना आवश्यक है। उन्होंने बताया कि इस केंद्र के माध्यम से युवाओं को आधुनिक मत्स्य पालन तकनीक, हैचरी प्रबंधन और केज कल्चर, सजावटी मछली पालन (ऑर्नामेंटल फिशरी) और मत्स्य संवर्धन, मत्स्य प्रसंस्करण (प्रोसेसिंग), पैकेजिंग और मूल्यवर्धन, कोल्ड चेन प्रबंधन (कोल्ड स्टोरेज और लॉजिस्टिक्स), रेडी-टू-ईट उत्पाद निर्माण के साथ-साथ समुद्री सुरक्षा और आपदा प्रबंधन जैसे क्षेत्रों में प्रशिक्षण दिया जा सकेगा।
विधायक स्नेहा दुबे पंडित ने मंत्री राणे के ध्यान में यह बात भी लाई कि क्रूज-शिपिंग क्षेत्र में नौकरियों के लिए आवश्यक प्रशिक्षण पाठ्यक्रमों की सुविधा यहां उपलब्ध नहीं है, जिसके कारण यहां के युवाओं को अन्य राज्यों में जाना पड़ता है और लंबा इंतजार करना पड़ता है। स्नेहा दुबे पंडित ने आगे कहा कि वसई में मत्स्य पालन प्रशिक्षण केंद्र स्थापित होने से स्थानीय युवाओं को रोजगार के नए अवसर मिलेंगे। साथ ही, महिला स्वयं सहायता समूहों (बचत समूहों) को प्रसंस्करण (प्रोसेसिंग) उद्योग में शामिल होने का मौका मिलेगा, जिससे उनके आर्थिक सशक्तिकरण को बढ़ावा मिलेगा। इसी के साथ, बोरीवली से विरार के बीच मुंबई-अहमदाबाद राजमार्ग पर बढ़ती ट्रैफिक जाम की समस्या बेहद गंभीर हो गई है, जिससे नागरिकों का काफी समय और ईंधन बर्बाद होता है। इस पृष्ठभूमि में, विधायक स्नेहा दुबे-पंडित ने नायगांव (जुचंद्र) से घोड़बंदर के बीच रो-रो सेवा शुरू करने की मांग मंत्री से की।
उपरोक्त दोनों मांगों पर संज्ञान लेते हुए मंत्री राणे ने वसई में मत्स्य पालन प्रशिक्षण केंद्र शुरू करने के लिए तत्काल जगह निश्चित करने के आदेश दिए। उन्होंने बताया कि इस महत्वपूर्ण परियोजना के लिए 'मुख्यमंत्री मत्स्य संपदा योजना' के तहत फंड उपलब्ध कराया जाएगा। उन्होंने विधायक स्नेहा दुबे-पंडित को सूचित किया कि इस प्रशिक्षण केंद्र की स्थापना के बाद स्थानीय लोग इसका लाभ उठा सकें, इसके लिए आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने और विभिन्न योजनाओं के तालमेल के लिए एक समन्वयक नियुक्त किया जाए। मंत्री ने यह भी आश्वासन दिया कि नायगांव पूर्व से घोड़बंदर के बीच रो-रो सेवा जल्द ही शुरू की जाएगी।
हिन्दुस्थान समाचार / कुमार

