जैन समाज को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने के लिए सरकार प्रतिबद्ध: आशीष शेलार
मुंबई, 01 नवंबर (हि.स.)। महाराष्ट्र के सांस्कृतिक कार्य मंत्री एडवोकेट आशीष शेलार ने रविवार को कहा कि जैन समाज को आर्थिक रुप से आत्मनिर्भर बनाने के लिए राज्य सरकार कटिबद्ध है। शेलार ने कहा कि जैन समाज के आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए राज्य सरकार की ओर से ब्याजमुक्त ऋण उपलब्ध कराने के साथ ही नए व्यवसाय, उद्योग और स्वरोजगार को बढ़ावा दिया जाएगा।
आशीष शेलार आज घाटकोपर स्थित आराध्य भक्ति पार्क में जैन अल्पसंख्यक विकास आर्थिक महामंडल की ओर से आयोजित ऋण वितरण कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। शेलार ने कहा कि जैन धर्म की अहिंसा, करुणा, समर्पण और विश्व कल्याण की शिक्षाएं पूरे समाज के लिए प्रेरणास्रोत हैं। सरकार जैन समाज के आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाकर आत्मनिर्भर बनाने के लिए प्रयासरत है।
उन्होंने कहा कि ब्याजमुक्त ऋण के माध्यम से नए उद्यमियों, उद्योगों और स्वरोजगार को प्रोत्साहन दिया जाएगा। जैन समाज की विभिन्न मांगों को मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के समक्ष रखा जाएगा और उन्हें मंजूरी दिलाने के लिए प्रयास किए जाएंगे। राज्य में जैन परंपरा से जुड़े धार्मिक स्थलों, आध्यात्मिक केंद्रों और ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण एवं विकास के लिए भी योजना बनाई जाएगी। साथ ही प्राकृत, संस्कृत और मराठी साहित्य के बीच संवाद, आदान-प्रदान और साहित्य सृजन को बढ़ावा देने के लिए एआई तकनीक उपलब्ध कराने की दिशा में प्रयास किए जाएंगे।
सूखाग्रस्त लोगों की मदद के लिए जैन समाज आगे आए :मंगलप्रभात लोढ़ा
कौशल विकास, रोजगार एवं उद्यमिता मंत्री मंगलप्रभात लोढ़ा ने जैन समाज से राज्य के सूखाग्रस्त क्षेत्रों के लोगों की सहायता के लिए आगे आने की अपील की। उन्होंने कहा कि सूखे की गंभीर स्थिति को देखते हुए समाज के प्रत्येक व्यक्ति को मुख्यमंत्री राहत कोष में कम से कम 100 रुपये का योगदान देना चाहिए और सरकार के राहत कार्यों में सहभागी बनना चाहिए। लोढ़ा ने कहा कि जैन धर्म की परंपरा अत्यंत प्राचीन है और भारतीय संस्कृति के साथ इसका गहरा संबंध रहा है। समाज के सभी वर्गों को सांस्कृतिक एकता की भावना के साथ मिलकर आगे बढऩा चाहिए।
जैन अल्पसंख्यक विकास आर्थिक महामंडल के अध्यक्ष ललित गांधी ने महामंडल की विभिन्न योजनाओं की जानकारी देते हुए बताया कि विधवाओं को छात्रवृत्ति, व्यवसाय के लिए अनुदान, स्कूलों के आधुनिकीकरण और विहार निर्माण को लेकर प्रयास किए जा रहे हैं। इस अवसर पर उन्होंने अखिल भारतीय जैन अल्पसंख्यक महासंघ की ओर से मुख्यमंत्री राहत कोष में 51 लाख रुपये की सहायता देने की घोषणा भी की।
इस कार्यक्रम में कौशल विकास, रोजगार एवं उद्यमिता मंत्री मंगलप्रभात लोढ़ा, महामंडल के अध्यक्ष ललित गांधी, मुख्य संयोजक पराग शाह, महामंडल के समन्वयक संदीप भंडारी, जैन मुनि नमराम मुनि महाराज, साध्वियां तथा जैन समाज के विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधि उपस्थित थे।
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हिन्दुस्थान समाचार / राजबहादुर यादव

