तय समय पर हो नालों की सफाई, बीएमसी आयुक्त का निर्देश
मुंबई, 28 मार्च (हि.स.)। मुंबई महानगरपालिका ने प्री-मानसून के कार्यों की अभी से शुरूआत कर दी है। मनपा आयुक्त भूषण गगरानी ने सभी छोटे-बड़े नालों की सफाई का काम तेजी से शुरु करने और निर्धारित स्थलों पर सिल्ट के निपटान का निर्देश दिया है। मीठी नदी के सफाई का काम रविवार से शुरू किया जाएगा।
मनपा आयुक्त गगरानी ने शनिवार को वार्ड और ज़ोन के हिसाब से इन कामों की समीक्षा की। उन्होंने निर्देश दिया कि इन कामों की सही योजना बनाई जाए। नालों से निकाली गई सिल्ट को 48 घंटे के अंदर बताई गई जगह पर डिस्पोज किया जाए। 14 जरूरी जगहों पर ‘ट्रैश बूम’ का इस्तेमाल किया जाए। रेलवे प्रशासन और मुंबई मेट्रोपॉलिटन रीजन डेवलपमेंट अथॉरिटी के साथ बेहतर तालमेल बनाया जाए। मानसून के दौरान नालों में पानी का बहाव बना रहे और कोई रूकावट न आए। स्थानीय नगरसेवकों, वार्ड कमेटी अध्यक्षों और जनप्रतिनिधियों को नालों से सिल्ट हटाने के काम की नियमित जानकारी दी जाए। उनके साथ निरीक्षण दोरे किए जाएं।
महानगर के तीनों डिवीजन शहर, पूर्वी उपनगर और पश्चिमी उपनगर में नालों से सिल्ट हटाने का काम तेज़ी से किया जा रहा है। मीठी नदी से सिल्ट हटाने का काम रविवार से शुरू होगा। पूरे सिस्टम को प्लानिंग करके प्रक्रिया को तेज़ करना चाहिए ताकि ये काम तय समय में पूरे हो जाएं। इसकी मॉनिटरिंग के लिए मनपा के डिप्टी कमिश्नर और असिस्टेंट कमिश्नर सीधे काम की जगह पर जाएं। उन्होंने कहा कि ट्रैश बूम की वजह से नदियों, नालों और समुद्र में तैरता कचरा ब्लॉक हो जाता है। मुख्य रूप से नालों के मुहाने पर लगाए गए ट्रैश बूम कचरे को समुद्र में जाने से रोकते हैं। उन्हें आसानी से इकट्ठा करके डिस्पोज़ किया जा सकता है। मनपा के पास कुल 14 ट्रैश बूम हैं। जहां ज़रूरी हो, वहां ट्रैश बूम का इस्तेमाल किया जाना चाहिए। मोगरा नाला, माजस ड्रेन, मानखुर्द नाला, सोमैया नाला, वकोला नाला और दादर-धारावी नाले पर अच्छे से काम किया जाना चाहिए। स्टॉर्म वॉटर चैनल के सभी चल रहे काम 31 मई 2026 तक पूरे कर लिए जाएं।
मनपा आयुक्त ने निर्देश दिया कि मानसून से पहले किए जा रहे कामों में नालों से गाद निकालना, नालों को चौड़ा करना, रेलवे ट्रैक के नीचे और दूसरी जगहों पर बंद रास्तों (पुलिया) की सफाई शामिल है। रेलवे प्रशासन के साथ मिलकर रेलवे क्षेत्र में और उसके आस-पास के अलग-अलग नालों से गाद निकालने समेत पुलिया की सफाई के काम का निरीक्षण किया जाए। बारिश का पानी निकालने के लिए अलग-अलग जगहों पर पंप लगाए जाएं। एमएमआर क्षेत्र में पानी जमा होने से रोकने और उसे जल्दी निकालने के उपाय किए जाएं। नालों से गाद निकालने के काम की डिटेल में जानकारी लोगों को देने के लिए वेबसाइट उपलब्ध कराई गई है। अतिरिक्त मनपा आयुक्त (परियोजना) अभिजीत बांगर ने कहा कि नाला सफाई कार्यों की एआई सिस्टम की मदद से समीक्षा की जाएगी। इस बैठक में डिप्टी कमिश्नर प्रशांत गायकवाड़, चीफ इंजीनियर कल्पना राउल सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / वी कुमार

