कर्नाटक की तर्ज पर बैलेट पेपर पर जिला परिषद चुनाव कराने की मांग
मुंबई, 20 जनवरी (हि.स.)। कर्नाटक में निकाय चुनाव ईवीएम के बजाय बैलेट पेपर पर कराने के फैसले के बाद, राज्य की राजनीति में भी इसका असर दिखने लगा है। हाल ही में हुए मनपा चुनावों के नतीजे आने के बाद, यह मांग उठने लगी है कि राज्य में जिला परिषद और पंचायत समितियों के चुनाव बैलेट पेपर पर कराए जाएं। यह मांग कांग्रेस नेता नाना पटोले और उपमुख्यमंत्री अजित पवार की एनसीपी के विधायक अमोल मिटकरी ने की है।
मतदाताओं के भरोसे और चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता को ध्यान में रखते हुए, कर्नाटक सरकार ने निकाय चुनाव बैलेट पेपर पर कराने का फैसला किया है। इसी आधार पर राजनीतिक गलियारों में यह चर्चा शुरू हो गई है कि महाराष्ट्र में भी यही तरीका अपनाया जाना चाहिए। खासकर ग्रामीण इलाकों से जुड़े जिला परिषद और पंचायत समिति चुनावों में बैलेट पेपर के इस्तेमाल पर जोर दिया जा रहा है।
मनपा चुनावों के नतीजे आने के बाद, एक बार फिर ईवीएम की विश्वसनीयता पर विपक्षी दल सवाल उठ रहे हैं। मांग की जा रही है कि वोटरों का भरोसा मजबूत करने के लिए बैलेट पेपर का विकल्प अपनाया जाना चाहिए। कर्नाटक में पहले ही कुछ निकाय चुनाव बैलेट पेपर पर हो चुके हैं और इसे को आधार बनाते हुए महाराष्ट्र में भी इसी रास्ते को अपनाने की मांग उट रही है। अब देखना दिलचस्प होगा कि राज्य सरकार और राज्य चुनाव आयोग क्या भूमिका अपनाते हैं।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / वी कुमार

