अवैध फ्लैट खरीदी की धोखाधड़ी करने वालों पर गाज, नहीं होगी दस्तावेजों की रजिस्ट्री
मुंबई, 13 अक्टूबर (हि.स.)। महाराष्ट्र सरकार ने फ्लैट खरीद में होने वाली धोखाधड़ी को रोकने के लिए अहम फैसला लिया है। अब भूमाफिया लोगों के साथ फ्राड नहीं कर पाएंगे। अवैध फ्लैटों की खरीद-बिक्री और ट्रांसफर से जुड़े दस्तावेजों के रजिस्ट्रेशन पर मंगलवार से रोक लगा दी गई है। साथ ही संपत्ति से जुड़े फ्रॉड को रोकने के लिए मंजूर की गई निर्माण सीमा से ज्यादा बनी इमारतों पर भी कार्रवाई की जाएगी। इस संबंध में सरकार ने नया सर्कुलर जारी कर दिया है।
सूबे के सभी सब-रजिस्ट्रार अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे अनधिकृत निर्माण की रजिस्ट्री न करें। साफ हिदायद दी गई है कि यदि कोई सब-रजिस्ट्रार इन निर्देशों का पालन किए बिना अवैध निर्माण के दस्तावेज की रजिस्ट्री करता है, तो उसके खिलाफ विभागीय जांच शुरू की जाएगी। सरकार के संज्ञान में आया है कि राज्य के कई स्थानों पर बिना सक्षम प्राधिकारी की अनुमति के ही निर्माण परियोजनाएं बनाकर उसमें फ्लैट बेचे जा रहे हैं। साथ ही स्वीकृत नक्शे से अधिक क्षेत्र वाले फ्लैट भी बेचे जा रहे हैं। इस तरह से फ्लैट खरीदने वालों के साथ आर्थिक रूप से धोखाधड़ी की जा रही है। यह मामला राजस्व मंत्री बावनकुले की अध्यक्षता में 22 सितंबर 2026 को हुई बैठक में सामने आया था।
फ्लैट खरीद में धोखाधड़ी और अवैध निर्माण पर अंकुश लगाने के लिए राज्य सरकार ने अनधिकृत निर्माण से जुड़े दस्तावेजों की रजिस्ट्री बंद कर दी है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के निर्देश के बाद राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने यह फैसला लिया है। नए सर्कुलर के निर्देशों के अनुसार नियमानुसार न बनाए गए फ्लैटों की पहली बिक्री के एग्रीमेंट, खरीद-बिक्री के दस्तावेज, डीड ऑफ अपार्टमेंट और ट्रांसफर डीड की रजिस्ट्री नहीं की जाएगी। साथ ही जिन इमारतों में मंजूर नक्शे में तय क्षेत्रफल से अधिक निर्माण किया गया है, उन फ्लैटों की रजिस्ट्री पर भी रोक लगा दी गई है।
नियमानुसार किसी भी परियोजना में फ्लैट की पहली बिक्री के एग्रीमेंट, खरीद दस्तावेज या ट्रांसफर डीड के साथ अन्य कागजात होने जरूरी हैं। महाराष्ट्र रेगुलेशन एंड डेवलपमेंट एक्ट 2016 की धारा 3 के तहत रेरा में पंजीकरण जरूरी है, तो रेरा का रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट या ऑक्यूपेंसी सर्टिफिकेट, फ्लैट का क्षेत्रफल और अथॉरिटी से मंजूर नक्शा लगाना अनिवार्य होगा। यदि रेरा में रजिस्ट्रेशन जरूरी नहीं है, तो सक्षम प्राधिकारी से निर्माण की अनुमति / कमेंसमेंट सर्टिफिकेट, मंजूर नक्शा, जोन सर्टिफिकेट और माप नक्शा लगाना बंधनकारक होगा। यदि दस्तावेज में लिखा फ्लैट का एरिया, मंजूर प्लान में लिखे एरिया से ज्यादा होगा, तो उसकी रजिस्ट्री नहीं होगी।
हिन्दुस्थान समाचार / वी कुमार

