ई-20' को लेकर कांग्रेस का भाजपा सरकार पर हमला
मुंबई, 03 अगस्त (हि.स.)। 'ई-20' को लेकर कांग्रेस पार्टी ने भाजपा सरकार पर हमला बोला है। पार्टी प्रदेशाध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल ने इस मामले में बड़े घोटाले का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी और महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस इसके लिए ज़िम्मेदार हैं। इथेनॉल घोटाले को लेकर केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी को इस्तीफ़ा दे देना चाहिए।
सपकाल ने सोमवार को पार्टी के तिलक भवन कार्यालय में प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए कहा कि पेट्रोल में इथेनॉल मिलाने से सरकार के भीतर कुछ खास लोगों और उनके परिवारों को करोड़ों रुपये का फ़ायदा हुआ है। लेकिन इससे देश भर में लाखों वाहन मालिकों को बेवजह परेशानी हुई है। वाहनों में कई तरह की मैकेनिकल दिक्कतें आ गई हैं, जिससे यह एक बड़ा घोटाला बन गया है। उन्होंने कहा कि ई-20 को असल में 2030 में लागू किया जाना था। हालांकि, मोदी सरकार ने कुछ खास लोगों को फ़ायदा पहुंचाने के लिए जल्दबाजी में यह फ़ैसला लागू कर दिया। इथेनॉल के बजाय पेट्रोल में पानी मिलाए जाने की व्यापक शिकायतें हैं। खाड़ी देशों में ईंधन की कमी का फ़ायदा उठाकर कथित तौर पर एक बड़ा घोटाला किया गया है। इसके पीछे की सच्चाई सामने आनी चाहिए। सपकाल ने आरोप लगाया कि गडकरी के इथेनॉल को बढ़ावा देने के जोर देने के कारण कई वाहन खराब हो गए हैं। वे इथेनॉल के सबसे बड़े समर्थक रहे हैं। इस घोटाले में कई बिचौलिए भी शामिल हैं और उनकी भूमिका जल्द ही सामने आएगी। पीएम मोदी को पेट्रोल की कीमत पर पानी बेचकर लोगों को धोखा देने के लिए देश से माफी मांगनी चाहिए।
मुख्यमंत्री फडणवीस को दिल्ली जाने के मुद्दे पर सपकाल ने कहा कि उन्हें दिल्ली भेजने की कोशिशें चल रही हैं। फडणवीस खुद भी वहां जाने के लिए उत्सुक हैं। हिंदी थोपने की कोशिश उसी बड़ी योजना का हिस्सा थी। महायुति सरकार के भीतर फडणवीस को राजनीतिक रूप से कमजोर करने की कोशिशें भी हो रही हैं। असल में, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री अमित शाह हैं, जबकि फडणवीस सिर्फ नाममात्र के मुख्यमंत्री हैं। उन्होंने दावा किया कि भाजपा और आरएसएस दोनों ही किसी भरोसेमंद व्यक्ति को चाहते हैं. फडणवीस इस भूमिका के लिए बिल्कुल सही हैं।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / वी कुमार

