अप्रैल में हीट स्ट्रोक के 32 नए मरीज, एक की संदिग्ध मौत
मुंबई, 26 अप्रैल (हि.स.)। महाराष्ट्र में बढ़ती गर्मी ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। कई जिलों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच चुका है, जिससे लोगों की तबीयत पर असर पड़ रहा है। पिछले दो महीनों में हीट स्ट्रोक के कुल 39 मामले सामने आए हैं, जिनमें से 32 केस सिर्फ अप्रैल में दर्ज हुए हैं। सोलापुर में एक व्यक्ति की संदिग्ध मौत भी दर्ज की गई है, जिससे चिंता बढ़ गई है।
राज्य के अलग-अलग हिस्सों में गर्मी का असर तेजी से बढ़ रहा है। मार्च से शुरू हुई तापमान में बढ़ोतरी अप्रैल में और तेज हो गई है। इसका सीधा असर लोगों की सेहत पर पड़ रहा है। अब तक 15 जिलों में हीट स्ट्रोक के मामले सामने आए हैं। इसमें अकोला में सबसे ज्यादा 11 मरीज मिले है। नंदुरबार में 6 मरीज, रत्नागिरी में 5 मरीज, गडचिरोली, जालना, पालघर, रायगढ़ और सातारा में क्रमशः 2-2 मरीज हीट स्ट्रोक के मिले हैं। इसी के साथ ही गोंदिया, जलगांव, नासिक, परभणी, पुणे, सोलापुर और ठाणे में 1-1 मरीज मिले हैं। सबसे चिंताजनक बात यह है कि सोलापुर में एक मरीज की हीट स्ट्रोक से संदिग्ध मौत दर्ज की गई है।
मार्च में जहां सिर्फ 7 मरीज सामने आए थे, वहीं अप्रैल में यह संख्या बढ़कर 32 हो गई है। इसी तरह मार्च में 6 जिलों तक सीमित मामला अब 15 जिलों तक फैल चुका है। यह तेजी से बढ़ता आंकड़ा आने वाले दिनों के लिए चेतावनी माना जा रहा है। राज्य के कई जिलों में हालात बिगड़ रहे हैं, लेकिन राहत की बात यह है कि मुंबई में अब तक हीट स्ट्रोक का कोई मामला दर्ज नहीं हुआ है। विशेषज्ञों का कहना है कि अगर तापमान इसी तरह बढ़ता रहा तो स्थिति बदल सकती है।
मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में तापमान और बढ़ सकता है। कुछ इलाकों में बारिश के बावजूद गर्मी का असर कम नहीं हुआ है। ऐसे में लोगों को ज्यादा सतर्क रहने की जरूरत है। स्वास्थ्य विभाग ने भी सावधानी बरतने की अपील की है। चिकित्सकों के अनुसार गर्मी से बचने के लिए ये आसान उपाय अपनाएं। दिनभर पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं। हल्का और सुपाच्य भोजन करें। तेज धूप से बचें, खासकर दोपहर में बाहर निकलने से बचें। जरूरत हो तो सिर ढककर ही बाहर जाएं। तबीयत खराब होने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
स्वास्थ्य विभाग के सह-निदेशक डॉ. कैलास बाविस्कर के अनुसार शुरुआती लक्षणों को नजरअंदाज करना खतरनाक हो सकता है। तेज सिरदर्द, उल्टी, सांस लेने में दिक्कत, चक्कर आना, बेहोशी, मुंह सूखना, कमजोरी, शरीर में पानी की कमी, पेशाब कम होना, बहुत ज्यादा पसीना, लो ब्लड प्रेशर, थकान, दिल की धड़कन तेज शरीर का तापमान बहुत बढ़ना, मांसपेशियों खासकर हाथ-पैरों में में दर्द को कतई नजरअंदाज न करें।
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हिन्दुस्थान समाचार / वी कुमार

