मप्र के उज्जैन में भरभराकर गिरा तीन मंजिला मकान, लोगों की सूझबूझ से बचीं कई जानें
उज्जैन, 07 अप्रैल (हि.स.)। मध्य प्रदेश के उज्जैन शहर में सोमवार की रात गेबी हनुमान क्षेत्र में एक तीन मंजिला मकान अचानक भरभराकर गिर गया। इस हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई है। स्थानीय रहवासियों की सूझबूझ से बड़ा हादसा टल गया और कई लोगों की जान बच गई।
मंगलवार को घटना एक लाइव वीडियो सामने आया है, जिसमें एक तीन मंजिला मकान को गिरते हुए स्पष्ट देखा सकता है। यह घटना महाकाल मंदिर जाने वाले प्रमुख मार्ग पर हुई। जिस जगह मकान गिरा, वहां से बड़ी संख्या में श्रद्धालु गोपाल मंदिर, शिप्रा नदी और महाकाल मंदिर की ओर जाते हैं।
सोमवार शाम से ही मकान एक तरफ झुकना शुरू हो गया था, यह देख लोगों ने रास्ता बंद करा दिया। रात करीब सवा 7 बजे के मकान गिर गया। समय रहते रहवासियों ने आवाजाही रोक दी, जिससे बड़ा हादसा टल गया। अगर यातायात नहीं रोका जाता तो कई लोग इस हादसे के शिकार हो सकते थे।
स्थानीय लोगों ने बताया कि शाम करीब 6 बजे से मकान की स्थिति खराब होने लगी थी। उन्हें खतरे का अंदेशा हुआ और उन्होंने तुरंत एहतियात के तौर पर सड़क खाली करा दी। घटना की सूचना मिलते ही 2 सीएसपी सहित 4 थानों की पुलिस मौके पर पहुंची और रोड को ब्लॉक कर आवाजाही पर रोक लगा दी। दुर्घटनास्थल पर पुलिसबल भी तैनात किया गया है।
दरअसल, उज्जैन में सिंहस्थ 2028 के मद्देनजर रोड चौड़ीकरण का काम चल रहा है। इस दौरान ढाबा रोड में नगर निगम द्वारा नाला खुलाई का काम किया जा रहा है। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि नगर निगम द्वारा करीब 1 महीने से 10 फीट गहरा नाला खोदकर छोड़ दिया गया है। इसमें पानी भर गया है जिससे आसपास बने कई मकानों की नींव कमजोर हो गई है। मकान मालिक मनोज भावसार और अली अजगर सहित रहवासियों का आरोप है कि पोकलेन मशीन से चल रही तोड़फोड़ के चलते हादसा हुआ। साथ ही एक महीने से नींव में पानी भरने की शिकायत भी की जा रही थी।
जीवाजीगंज सीएसपी पुष्पा प्रजापति ने बताया कि गेबी हनुमान मंदिर के पास मकान गिरने की सूचना मिली थी। तुंरत मौके पर कोतवाली और जीवाजीगंज पुलिस फोर्स पहुंची। कोई भी जनहानि नही हुई है। मलबा हटाने के लिए नगर निगम की टीम को सूचित किया गया है। सड़क चौड़ीकरण को लेकर मकान हटाया जा रहा था। मौके पर सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए पर्याप्त पुलिस फोर्स लगाया गया है।
नगर निगम का कहना है कि ढाबा रोड पर मार्ग चौड़ीकरण के तहत जर्जर भवन को सुरक्षा के साथ हटाया जा रहा था। पूरी कार्रवाई अधिकारियों की निगरानी में और बैरिकेडिंग के साथ की गई। नगर निगम के एडिशनल कमिश्नर संतोष टेगोर ने बताया कि हमारा पिछले एक महीने से सवारी मार्ग चौड़ीकरण का कार्य हो रहा है। इसी दौरान पाया है कि एक मकान गिरने की स्थिति में था, जिसकी सूचना पहले से थी, इसलिए मकान खाली कराकर बैंरिकेडिंग कर रखी थी। जिनका 75 प्रतिशत से ज्यादा मकान जा रहा है, उनको मुआवजा दिया जाएगा। बाकी कुछ मकान की स्थिति और खराब है उनको भी चिन्हित किया जा रहा है।
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हिन्दुस्थान समाचार / मुकेश तोमर

