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मप्र में 12 अक्टूबर को होगी टीईटी की परीक्षा, ईएसबी ने जारी की नियम पुस्तिका

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मप्र में 12 अक्टूबर को होगी टीईटी की परीक्षा, ईएसबी ने जारी की नियम पुस्तिका


भोपाल, 17 अगस्त (हि.स.)। उच्चतम न्यायालय के आदेश के बाद मध्य प्रदेश के करीब डेढ़ लाख शिक्षकों के लिए शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) 2026 की तारीख तय कर दी गई है। सोमवार को कर्मचारी चयन मंडल (ईएसबी) ने प्राथमिक और माध्यमिक कक्षाओं में पढ़ा रहे शिक्षकों के लिए नियम पुस्तिका जारी कर दी है।

ईएसबी के मुताबिक, 1998 और 2009 के बीच नियुक्त शिक्षकों को पात्रता परीक्षा देनी होगी। परीक्षा 12 अक्टूबर 2026 से आयोजित की जाएगी। परीक्षा के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया 21 अगस्त 2026 से शुरू होगी। उम्मीदवार 4 सितंबर 2026 तक आवेदन कर सकेंगे। आवेदन में संशोधन की सुविधा भी दी गई है। उम्मीदवार 21 अगस्त से 9 सितंबर 2026 तक आवेदन में संशोधन कर सकेंगे।

परीक्षा में शामिल होने वाले सभी वर्गों के उम्मीदवारों के लिए एक हजार रुपये प्रति प्रश्न-पत्र परीक्षा शुल्क निर्धारित किया गया है। ऑनलाइन आवेदन के दौरान उम्मीदवारों को परीक्षा शुल्क के अलावा कियोस्क और पोर्टल शुल्क भी देना होगा। एमपी आनलाइन पोर्टल के माध्यम से आवेदन करने पर ₹60 पोर्टल शुल्क निर्धारित है।

वहीं रजिस्टर्ड सिटीजन यूजर के माध्यम से आवेदन करने पर 20 रुपये शुल्क देना होगा। आवेदन में संशोधन के लिए भी अलग शुल्क तय किया गया है। पहली बार संशोधन करने पर 20 रुपये और अंतिम चरण में संशोधन करने पर 40 रुपये शुल्क निर्धारित किया गया है।

टीईटी फीस के विरोध में शिक्षक संगठन, ऑफलाइन परीक्षा की मांग

शासकीय शिक्षक संगठन मध्य प्रदेश ने टीईटी के लिए 1,000 रुपये प्रति प्रश्नपत्र परीक्षा शुल्क लिए जाने का विरोध किया है। संगठन के कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष उपेन्द्र कौशल ने कहा कि वर्षों से सेवा दे रहे शिक्षकों से शुल्क लेना उचित नहीं है। उन्होंने आवेदन और परीक्षा शुल्क माफ करने, ऑनलाइन के बजाय ऑफलाइन परीक्षा कराने और तैयारी के लिए विशेष अध्ययन अवकाश देने की मांग की। संगठन ने ग्रामीण क्षेत्रों में सुगम परीक्षा केंद्र और शिक्षक हितैषी प्रक्रिया लागू करने की भी मांग की है।

प्राथमिक शिक्षक पात्रता परीक्षा में 150 प्रश्न

ईएसबी के मुताबिक, प्राथमिक शिक्षक पात्रता परीक्षा में कुल 150 प्रश्न होंगे। परीक्षा 150 अंकों की होगी। प्रत्येक प्रश्न एक अंक का रहेगा। परीक्षा की अवधि 2 घंटे 30 मिनट निर्धारित की गई है। परीक्षा में नकारात्मक अंक का प्रावधान नहीं है। यानी गलत उत्तर देने पर उम्मीदवार के अंक नहीं काटे जाएंगे।

प्राथमिक परीक्षा में पास होने के लिए कितने अंक जरूरी

पात्रता परीक्षा में न्यूनतम पासिंग मार्क वर्ग के अनुसार तय किए गए हैं। अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग, दिव्यांग एवं आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के अभ्यर्थियों के लिए न्यूनतम 50 प्रतिशत, जबकि अन्य वर्ग के अभ्यर्थियों के लिए 60 प्रतिशत अंक आवश्यक होंगे। माध्यमिक शिक्षक पात्रता परीक्षा में भी हर प्रश्न एक अंक का होगा और परीक्षा में नकारात्मक मूल्यांकन नहीं किया जाएगा। परीक्षा की अवधि 2 घंटे 30 मिनट होगी।

किन शिक्षकों के लिए परीक्षा जरूरी

कर्मचारी चयन मंडल की नियम पुस्तिका के अनुसार, प्राथमिक स्तर के सरकारी स्कूलों में कार्यरत पात्र शिक्षक इस परीक्षा में शामिल हो सकेंगे। इनमें सहायक शिक्षक, प्राथमिक शिक्षक, सहायक अध्यापक, संविदा शाला शिक्षक वर्ग-3, प्रयोगशाला सहायक, प्राथमिक शिक्षक विज्ञान और अन्य संबंधित श्रेणी के शिक्षक शामिल हैं।

उच्चतम न्यायालय के आदेश के पालन में प्राथमिक और माध्यमिक स्तर पर कार्यरत संबंधित शिक्षकों के लिए पात्रता परीक्षा पास करना अनिवार्य किया गया है। इसके लिए 31 अगस्त 2028 तक परीक्षा उत्तीर्ण करने की समय-सीमा तय की गई है।

परीक्षा केंद्र पर मोबाइल फोन, कैलकुलेटर, लॉग टेबल, स्मार्ट वॉच, ब्लूटूथ डिवाइस, ईयरफोन, रिकॉर्डिंग डिवाइस, पेजर, डिजिटल वॉच, सनग्लास समेत किसी भी तरह के इलेक्ट्रॉनिक उपकरण ले जाना प्रतिबंधित रहेगा। परीक्षा के दौरान नकल करने, बातचीत करने, अनुचित साधनों का इस्तेमाल करने या किसी अन्य अभ्यर्थी से संपर्क करने पर कार्रवाई की जाएगी।

दिव्यांग अभ्यर्थियों को नियमानुसार अतिरिक्त समय और लेखन सहायक की सुविधा मिलेगी। दृष्टिबाधित और निर्धारित श्रेणी के दिव्यांग अभ्यर्थियों को परीक्षा अवधि के आधार पर अतिरिक्त समय दिया जाएगा। लेखन सहायक की सुविधा लेने वाले अभ्यर्थियों को निर्धारित शैक्षणिक योग्यता और अन्य जरूरी शर्तों का पालन करना होगा।

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हिन्दुस्थान समाचार / मुकेश तोमर