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इंदौर–उज्जैन ग्रीन फील्ड 4 लेन सड़क का निर्माण शीघ्र होगा प्रारंभ

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इंदौर–उज्जैन ग्रीन फील्ड 4 लेन सड़क का निर्माण शीघ्र होगा प्रारंभ


- उचित मुआवजा मिलने तथा सड़क निर्माण संबंधी समस्याएं निराकृत होने पर किसानों ने मुख्यमंत्री का जताया आभार

इंदौर, 26 फरवरी (हि.स.)। मध्य प्रदेश में इंदौर–उज्जैन ग्रीन फील्ड 4 लेन सड़क परियोजना का कार्य शीघ्र प्रारंभ होगा। यह सड़क सिंहस्थ को देखते हुए अत्यन्त महत्वपूर्ण साबित होगी। इस परियोजना के तहत भूमि अधिग्रहण के बदले उचित मुआवजा मिलने और सड़क निर्माण संबंधी समस्याएं निराकृत होने पर संबंधित क्षेत्र के किसानों एवं भू-स्वामियों ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के प्रति आभार व्यक्त किया है।

किसानों ने गुरुवार को इंदौर में रेसिडेंसी कोठी पहुंचकर कलेक्टर शिवम वर्मा को साफा पहनाया तथा पुष्पगुच्छ भेंट कर उनके माध्यम से मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के प्रति अपनी कृतज्ञता व्यक्त की। किसानों ने कहा कि पारदर्शी प्रक्रिया के तहत मिला मुआवजा उनके लिए आर्थिक रूप से सहायक साबित होगा और क्षेत्र के विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

हाल ही में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने निर्णय लिया है कि इंदौर-उज्जैन ग्रीन फील्ड फोर लेन रोड अब एलिवेटेड नहीं जमीनी स्तर पर बनेगा। कल संबंधित क्षेत्र के किसानों ने भोपाल पहुँचकर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का स्वागत कर आभार जताया था। इस दौरान मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मेट्रो पॉलिटन सिटी इंदौर-उज्जैन भविष्य की दृष्टि से काफी महत्वपूर्ण होगा। इस नाते इंदौर-उज्जैन ग्रीन फील्ड फोर लेन प्रोजेक्ट भी किसानों के हित में उनके सुझाव के अनुरूप एलिवेटेड नहीं जमीनी स्तर पर बनाया जायेगा। जिन किसानों की भूमि प्रभावित होगी, उन्हें उचित मुआवजा देने के लिये शासन-प्रशासन प्रतिबद्ध है।

एसडीएम घनश्याम धनगर ने बताया कि इंदौर–उज्जैन ग्रीन फील्ड 4 लेन सड़क परियोजना के लिए भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया तेज गति से आगे बढ़ रही है। परियोजना के अंतर्गत विभिन्न तहसीलों के कुल 20 गांवों की भूमि अधिग्रहित की जा रही है, जिसके बदले प्रभावित किसानों एवं भू-स्वामियों को नियमानुसार मुआवजा प्रदान किया जा रहा है। किसानों को उचित एवं अधिकतम मुआवजा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से बिक्री छाँट प्रक्रिया अपनाई गई है, जिससे उन्हें न्यायसंगत लाभ मिल सके।

जानकारी के अनुसार अधिग्रहित भूमि के बदले कुल 626 करोड़ 49 लाख 76 हजार 436 रुपये की मुआवजा राशि स्वीकृत की गई है। इस परियोजना से जुड़े 662 प्रभावित खातेदार एवं परिवारों को इसका लाभ मिलेगा। निर्धारित मुआवजा राशि का वितरण कार्य भी प्रारंभ कर दिया गया है। परियोजना के तहत हातोद एवं सांवेर तहसील के बुढ़ानिया, हातोद, सगवाल, कांकरिया बोडिया, जंबूड़ी सरवर, जिन्दाखेड़ा, रतनखेड़ी, बीबी खेड़ी, पिपलिया कायस्थ, हरियाखेड़ी, खतेडिया, रंगकराडिया, कछालिया, बलघारा, पोटलोद, टुमनी, मगरखेड़ी, चित्तौड़ा, बालरिया एवं रालामंडल सहित कुल 20 गांव शामिल हैं।

भूमि अधिग्रहण के बदले दी जा रही मुआवजा राशि से किसानों और प्रभावित परिवारों को आर्थिक मजबूती मिलेगी। साथ ही यह सड़क परियोजना क्षेत्र में बेहतर एवं सुगम आवागमन सुनिश्चित करते हुए औद्योगिक, व्यापारिक तथा धार्मिक पर्यटन को नई गति प्रदान करेगी। सिंहस्थ जैसे बड़े धार्मिक आयोजनों के दौरान भी यह मार्ग महत्वपूर्ण साबित होगा। परियोजना में सड़क के दोनों ओर सर्विस रोड, अंडरपास एवं आवश्यक डक्ट निर्माण का प्रावधान रखा गया है, जिससे यातायात अधिक सुरक्षित और व्यवस्थित हो सकेगा।

इस अवसर पर किसान सर्वश्री अंजुम पटेल, भेरू सिंह राठौड़, संदीप चौधरी, देव चंदेल, ललित शर्मा सहित अन्य किसानों ने खुशी जाहिर की और कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का निर्णय हम सब किसानों के लिए हितकारी साबित होगा। किसानों को बड़ा बहुआयामी लाभ भी मिलेगा। किसानों ने परियोजना को क्षेत्रीय विकास की दिशा में महत्वपूर्ण पहल बताते हुए शासन एवं प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया।

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हिन्दुस्थान समाचार / मुकेश तोमर