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जैविक खेती अपनाने का संकल्प लें किसान, स्वास्थ्य और समृद्धि की मजबूत नींव: सांसद कुशवाह

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जैविक खेती अपनाने का संकल्प लें किसान, स्वास्थ्य और समृद्धि की मजबूत नींव: सांसद कुशवाह


- जिला स्तरीय किसान कार्यशाला में जैविक खेती के लाभों पर हुआ मंथन

ग्वालियर, 19 जून (हि.स.)। जैविक खेती केवल खेती की एक पद्धति नहीं बल्कि मानव स्वास्थ्य, पर्यावरण संरक्षण और कृषि की दीर्घकालीन समृद्धि का आधार है। किसान भाईयों को रासायनिक खेती पर निर्भरता कम कर प्राकृतिक एवं जैविक खेती को अपनाना चाहिए, जिससे उत्पादन की गुणवत्ता बढ़ेगी और बाजार में बेहतर मूल्य भी प्राप्त होगा।

यह विचार शुक्रवार को मध्य प्रदेश के ग्वालियर में क्षेत्रीय सांसद भारत सिंह कुशवाह ने जैविक खेती को बढ़ावा देने के लिये आयोजित जिला स्तरीय किसान कार्यशाला में मुख्य अतिथि के रूप में कही। किसानों के लिये जैविक खेती के महत्व को बताने के उद्देश्य से नगर निगम के बाल भवन में जिला स्तरीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में किसान भाईयों को जैविक खेती के संबंध में कृषि वैज्ञानिकों द्वारा भी विस्तार से जानकारी दी गई।

कार्यशाला में क्षेत्रीय सांसद कुशवाह के साथ ही जिला अध्यक्ष भाजपा जयप्रकाश राजौरिया, कलेक्टर रुचिका चौहान, सीईओ जिला पंचायत सोजान सिंह रावत, किसान मोर्चे के उपाध्यक्ष नेकसिंह गुर्जर, जिला अध्यक्ष गिर्राज व्यास, पूर्व जिला अध्यक्ष भाजपा कमल माखीजानी, अभय चौधरी, महामंत्री धर्मेन्द्र तोमर, राजू पलैया, जवाहर प्रजापति के साथ ही कृषि, उद्यानिकी विभाग के अधिकारी व बड़ी संख्या में किसान भाई उपस्थित थे।

सांसद भारत सिंह कुशवाह ने किसान भाईयों से कहा कि जैविक खेती स्वास्थ्य की दृष्टि से भी अति महत्वपूर्ण है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी एवं मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा भी जैविक खेती को प्रोत्साहित करने का कार्य किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि किसान भाई संकल्प लें कि वे जैविक खेती को अपनायेंगे। इसके माध्यम से न केवल बीमारियों से बचा जा सकता है बल्कि किसान भाईयों की आर्थिक समृद्धि भी इसके माध्यम से और बेहतर होगी।

कलेक्टर रुचिका चौहान ने किसानों से कहा कि जैविक खेती के संबंध में किसान भाईयों को अधिक से अधिक जानकारी लेकर इसे अपनाने की आवश्यकता है। जैविक खेती के माध्यम से ही हम विभिन्न बीमारियों से निजात पा सकते हैं। इसके साथ ही किसान भाई कम लागत में बेहतर उत्पादन प्राप्त कर अपने परिवार की आर्थिक स्थिति को और मजबूत कर सकते हैं। कलेक्टर ने कहा कि जैविक खेती कर रहे किसानों को शासन-प्रशासन द्वारा भी प्रोत्साहित किया जा रहा है। ग्वालियर जिले में भी जैविक खेती से उत्पादन करने वाले किसानों को बाजार उपलब्ध कराने हेतु प्रति रविवार कृषि विश्वविद्यालय के बाहर एक बाजार संचालित किया जा रहा है।

किसान मोर्चे के प्रदेश उपाध्यक्ष नेकसिंह गुर्जर ने भी किसान भाईयों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश भर में जैविक खेती को प्रोत्साहित किया जा रहा है। मध्य प्रदेश में प्रत्येक जिले में जैविक खेती को प्रोत्साहित करने हेतु किसानों की कार्यशाला का आयोजन हो रहा है। उन्होंने किसान भाईयों से आग्रह किया कि वे जैविक खेती को अपनाएं।

कार्यशाला के प्रारंभ में भाजपा जिला अध्यक्ष जयप्रकाश राजौरिया ने कहा कि जैविक खेती को प्रोत्साहित करने हेतु जिला स्तर पर कार्यशाला का आयोजन किया जा रहा है। इस कार्यशाला में कृषि वैज्ञानिकों द्वारा जैविक खेती के बारे में विस्तार से जानकारी दी जा रही है। इसी प्रकार की कार्यशालायें जिले के अन्य ब्लॉक में भी आयोजित की जायेंगीं।

कार्यशाला में कृषि विभाग के अधिकारियों एवं उद्यानिकी विभाग के अधिकारियों ने जैविक खेती एवं उद्यानिकी खेती के संबंध में किसान भाईयों को विस्तार से जानकारी दी। किसान भाईयों को जैविक खेती के संबंध में जानकारी उपलब्ध कराने के उद्देश्य से बाल भवन परिसर में कृषि एवं उद्यानिकी विभाग द्वारा स्टॉल लगाकर जानकारी भी दी गई।

जैविक खेती करने वाले किसानों का हुआ सम्मान

जैविक खेती को प्रोत्साहित करने के लिये आयोजित जिला स्तरीय कार्यशाला में सांसद भारत सिंह कुशवाह एवं अतिथियों ने जिले में जैविक खेती करने वाले किसानों को शॉल-श्रीफल देकर सम्मानित भी किया।

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हिन्दुस्थान समाचार / मुकेश तोमर