मप्रः सागर एसपी के पद से हटाने के चार दिन बाद आईपीएस अनुराग सुजानिया ने दिया इस्तीफा
भोपाल, 03 नवंबर (हि.स.)। मध्य प्रदेश कैडर के 2014 बैच के आईपीएस अधिकारी अनुराग सुजानिया ने नौकरी से इस्तीफा दे दिया है। चार दिन पहले ही उन्हें सागर पुलिस अधीक्षक के पद से हटाकर पुलिस मुख्यालय में एआईजी बनाया गया था।
भारतीय पुलिस सेवा के 2014 बैच के अधिकारी अनुराग मूल रूप से राजस्थान के रहने वाले हैं। उन्हें एक बेहतर पुलिस अफसर माना जाता है। सुजानिया को करीब छह महीने पहले सागर पुलिस अधीक्षक बनाया गया था, लेकिन कुछ दिन पहले सागर जिले के बंडा में जहरीली शराब से 22 लोगों की मौत के बाद उन्हें इस पद से हटा दिया गया था।
सागर एसपी के पद से हटाए जाने के चार दिन बाद सोमवार को उन्होंने अपना इस्तीफा सरकार को सौंपा है। उन्होंने सेवा छोड़ने के पीछे अपनी व्यक्तिगत वजह बताई है। सुजानिया के इस्तीफे के बाद मंगलवार सुबह मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव भौंरी पहुंचे थे। यहां आईपीएस एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने इस मामले में मुख्यमंत्री से चर्चा की। बताया जा रहा है कि मुख्यमंत्री ने एसोसिएशन से मामले में हस्तक्षेप करने को कहा था। इसके बाद उन्होंने पुलिस मुख्यालय में सीनियर पुलिस अधिकारियों के साथ बैठक की बात कही थी।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मंगलवार शाम को अपने निवास पर पुलिस अधिकारियों के साथ बैठक की। इसमें शराब तस्करी और अवैध कारोबार पर लगाम लगाने के निर्देश दिए। पुलिस को कार्रवाई के लिए फ्री हैंड देते हुए कहा कि शराब माफिया के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। अवैध शराब का कारोबार पकड़े जाने पर संबंधित अफसरों की जिम्मेदारी तय होगी।
मुख्यमंत्री ने शराब दुकानों पर नियमित चेकिंग, हर जिले में वाहनों की जांच बढ़ाने और सीमावर्ती जिलों में विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए। शराब दुकानों की पुलिस भी निगरानी करेगी। इसके लिए आबकारी विभाग के साथ समन्वय बनाकर कार्रवाई की जाएगी।
सुजानिया इससे पहले मुरैना जिले के एसपी भी रह चुके हैं। मुरैना में 2021 में उनके कार्यकाल के दौरान जहरीली शराब पीने से 24 से ज्यादा लोगों की मौत हुई थी। जांच में पुलिस के संरक्षण में अवैध शराब की बिक्री होने की बात सामने आई थी। इसके बाद उन्हें एसपी पद से हटा दिया गया था। इसके बाद इसी साल सितंबर में सागर के बंडा में जहरीली शराब से मौतों का मामला सामने आया। शुरुआत में सागर एसपी को नहीं हटाया गया था, लेकिन चार दिन पहले सागर के जिला कलेक्टर और एसपी दोनों को हटा दिया गया।
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हिन्दुस्थान समाचार / मुकेश तोमर

