लीचेट रिसाव पर महापौर सख्त, कचरा परिवहन करने वाली कंपनी पर 11 का जुर्माना
भोपाल, 13 जुलाई (हि.स.)। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में कचरा परिवहन के दौरान हुक लोडर से लीचेट (कचरे का दूषित तरल) का रिसाव पाए जाने पर महापौर मालती राय ने सोमवार को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। नगर निगम ने अनुबंध की शर्तों के उल्लंघन का मामला मानते हुए संबंधित कंपनी पर 11,500 रुपये का जुर्माना लगाया है और तीन दिन के भीतर स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं।
जानकारी के अनुसार, रविवार को महापौर मालती राय माता मंदिर क्षेत्र से गुजर रही थीं। इसी दौरान उनकी नजर गार्बेज ट्रांसफर स्टेशन से आदमपुर खंती की ओर जा रहे हुक लोडर पर पड़ी, जिससे लीचेट का रिसाव हो रहा था। महापौर ने तत्काल वाहन रुकवाकर चालक से रिसाव के कारणों की जानकारी ली, लेकिन संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर संबंधित एजेंसी के विरुद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए।
महापौर के निर्देश पर नगर निगम के स्वच्छ भारत मिशन (एसबीएम) के उपायुक्त ने कचरा परिवहन का कार्य कर रही वेस्टर्न इमेजनरी ट्रांसकान प्राइवेट लिमिटेड पर अनुबंध की शर्तों के उल्लंघन के आरोप में 11,500 रुपये की पेनाल्टी लगाई। साथ ही कंपनी को तीन दिन के भीतर लिखित स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने के लिए भी नोटिस जारी किया गया है।
नगर निगम के अनुसार, संबंधित कंपनी को पहले भी वाहन के डिस्चार्ज वाल्व और बैक गेट की रबर गैसकेट में सुधार कराने के निर्देश दिए गए थे। गार्बेज ट्रांसफर स्टेशन प्रभारी ने कंपनी प्रबंधन को दूरभाष और व्हाट्सएप के माध्यम से भी आवश्यक मरम्मत कराने के लिए कहा था, लेकिन समय पर सुधार नहीं किया गया।
नगर निगम ने यह भी बताया कि 4 जुलाई 2026 को उपायुक्त (एसबीएम) द्वारा निरीक्षण के दौरान भी कंपनी प्रबंधन को लीचेट रिसाव की समस्या से अवगत कराया गया था। इसके बावजूद आवश्यक सुधार नहीं किए गए, जिसके चलते अब अनुबंध की शर्तों के तहत दंडात्मक कार्रवाई की गई है।
नगर निगम का कहना है कि शहर में कचरा परिवहन के दौरान पर्यावरणीय मानकों का पालन सुनिश्चित करना एजेंसी की जिम्मेदारी है और भविष्य में ऐसी लापरवाही मिलने पर और कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / राजू विश्वकर्मा

