home page

पेट दर्द की शिकायत पर अस्पताल पहुंची महिला की मौत, परिजनों ने अस्पताल पर लगाया लापरवाही का आरोप

 | 
पेट दर्द की शिकायत पर अस्पताल पहुंची महिला की मौत, परिजनों ने अस्पताल पर लगाया लापरवाही का आरोप


जबलपुर, 1 अक्टूबर (हि.स.)। मध्य प्रदेश के जबलपुर स्थित विजयनगर स्थित शैल्वी अस्पताल में उपचार के दौरान पनागर के बिजोरा गांव निवासी भगवती पटेल की मौत हो गई। बुधवार-गुरुवार की दरमियानी रात हुई इस घटना के बाद मृतका के परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन और चिकित्सकों पर उपचार में लापरवाही के गंभीर आरोप लगाए हैं। परिजनों का कहना है कि भगवती को पेट दर्द की शिकायत थी, लेकिन जांच के बाद डॉक्टरों ने हृदय की नसों में ब्लॉकेज बताते हुए तत्काल सर्जरी की। सर्जरी के करीब छह घंटे बाद ही उनकी मौत हो गई।

मृतका के पुत्र जितेंद्र पटेल के अनुसार, भगवती को पेट दर्द की शिकायत होने पर अस्पताल लाया गया था। यहां प्राथमिक जांच के बाद कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. आशीष तिवारी ने हृदय की नसों में ब्लॉकेज बताते हुए ऑपरेशन की सलाह दी। परिजनों का कहना है कि सर्जरी के कुछ घंटे बाद ही भगवती की तबीयत बिगड़ने लगी और उनकी मौत हो गई।

परिजनों ने आरोप लगाया कि अस्पताल में स्वास्थ्य बीमा की जानकारी मिलने के बाद उपचार की दिशा बदल दी गई। उनका दावा है कि बीमा का लाभ लेने के उद्देश्य से जल्दबाजी में सर्जरी का निर्णय लिया गया। परिजनों के मुताबिक उपचार के नाम पर करीब 2.5 लाख रुपये का बिल भी बनाया गया।

परिजनों का यह भी कहना है कि भगवती को पहले से हृदय संबंधी कोई गंभीर बीमारी नहीं थी और न ही ऐसे लक्षण थे, जिनके आधार पर तत्काल सर्जरी की जरूरत बताई जाती। हालांकि, अस्पताल प्रबंधन और चिकित्सकों पर लगाए गए इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।

महिला की मौत की जानकारी मिलने के बाद परिजन आक्रोशित हो गए और अस्पताल परिसर में विरोध प्रदर्शन किया। परिजनों ने आरोप लगाया कि अंतिम संस्कार के लिए शव सौंपने की मांग के बावजूद अस्पताल प्रबंधन ने उसे देने में देरी की। इसे लेकर अस्पताल परिसर में काफी देर तक हंगामा होता रहा।

बाद में शव परिजनों को सौंप दिया गया। परिजनों ने मामले की निष्पक्ष चिकित्सकीय जांच कराने और उपचार के दौरान महिला की मौत की वास्तविक वजह सामने लाने की मांग की है। साथ ही अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ कार्रवाई की मांग भी की है।

हिन्दुस्थान समाचार / विलोक पाठक