home page

भगवान महाकाल के आंगन में सबसे पहले होलिका दहन

 | 
भगवान महाकाल के आंगन में सबसे पहले होलिका दहन


उज्जैन , 02 मार्च (हि.स.)। सोमवार शाम महाकालेश्वर मंदिर परिसर स्थित ओंकारेश्वर मंदिर के सामने मंदिर प्रबंध समिति द्वारा प्राचीन परंपरानुसार होलिका दहन किया गया। इस अवसर पर उपस्थित श्रद्धालुओं सहित मंदिर के पण्डे-पुरोहित,कर्मचारियों को रंग-गुलाल लगाना प्रतिबंधित रहा। इसी के साथ होलिका का त्यौहार प्रारंभ हो गया। मंगलवार प्रात: बाबा महाकाल को भस्मार्ती पश्चात हर्बल गुलाल अर्पित की जाएगी और धुरेंडी पर्व मनाया जाएगा।

मंगलवार को रहेगा महाकालेश्वर मंदिर की व्यवस्था में बदलावमंगलवार को प्राचीन परंपरा अनुसार चंद्र ग्रहण के कारण महाकालेश्वर मंदिर की पूजा पद्धति में परिवर्तन रहेगा। शासकीय पुजारी पं.घनश्याम शर्मा ने बताया गया कि सायं 6.32 से 6.46 तक रहने वाले 14 मिनट के ग्रहण का वेद काल मंगलवार प्रात: सूर्योदय से प्रारंभ हो जाएगा। वेद काल के कारण प्रात: की दद्योदक और भोग आरती में भगवान को केवल शक्कर का भोग अर्पित किया जाएगा। ग्रहण समाप्त होने के पश्चात मंदिर में शुद्धिकरण,भगवान का स्नान-पूजन पश्चात भगवान को भोग अर्पित कर संध्या आरती की जाएगी।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / ललित ज्‍वेल