शाजापुरः कांग्रेस ने नगर में किया हल्ला बोल, पुलिस ने चलाई वाटर कैनन
शाजापुर, 24 अगस्त (हि.स.)। मध्य प्रदेश के शाजापुर में दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए छात्र आंदोलन को लेकर सोमवार को कांग्रेसियों ने नगर में हल्लाबोल कार्यक्रम किया। कलेक्टर कार्यालय का घेराव करने निकले कांग्रेसियों पर पुलिस ने वाटर कैनन चलाई और कांग्रेसियों को बीच में ही रोक दिया। इस दौरान पुलिस की कार्यकर्ताओं से नोकझोंक भी हुई। पुलिस कुछ कार्यकर्ताओं को टालमटोली कर अपने साथ ले गई। इस दौरान कुछ कांग्रेसियों की गिरफ्तारियां भी हुई।
दरअसल युवक कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी, बिगड़ती शिक्षा व्यवस्था का आरोप लगाते हुए केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के इस्तीफे की मांग को लेकर हल्ला बोल कार्यक्रम रखा था। इस दौरान बस स्टैंड पर सभा हुई। कांग्रेस कार्यकर्ता कलेक्टर कार्यालय का घेराव करने जुलूस के रूप में रवाना हुए। डिपो के सामने पुलिस ने बैरिकेडिंग कर रोक दिया। कार्यकर्ताओं ने आगे बढ़ने का प्रयास किया, तो पुलिस ने वाटर कैनन से पानी की बौछार कर प्रदर्शनकारियों को हटाया। करीब आधे घंटे तक मौके पर नारेबाजी, धक्का-मुक्की और पुलिस-कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच तनाव की स्थिति बनी रही।
पुलिस ने तीन वाटर कैनन वाहन तैनात किए थे और बैरीकेटिंग भी की थी। प्रदर्शनकारी बैरिकेड पर चढ़कर नारेबाजी करते रहे। इसके बाद पुलिस ने कई कार्यकर्ताओं को हिरासत में लेकर पुलिस लाइन पहुंचाया। युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने इस दौरान काली टी-शर्ट पहनकर प्रदर्शन किया। अमित शाह के इस्तीफे की मांग को लेकर जमकर नारे लगाए। इस अवसर पर प्रदर्शन के दौरान युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदयभानु चिब, प्रदेश युवक कांग्रेस अध्यक्ष यश घनघोरिया, वरिष्ठ कांग्रेस नेता सज्जन सिंह वर्मा, तराना विधायक महेश परमार, मुरैना विधायक दिनेश गुर्जर, वरिष्ठ कांग्रेसी रामवीरसिंह सिकरवार, युवक कांग्रेस जिलाध्यक्ष जयंत सिकरवार आदि उपस्थित थे।
युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदयभानु चिब ने कहा कि मुख्य मुद्दा केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का इस्तीफा है। आरोप लगाया कि युवाओं और छात्रों के आंदोलनों के दौरान पैलेट गन, आंसू गैस और लाठीचार्ज का इस्तेमाल किया गया। उन्होंने बिहार में छात्रों के खिलाफ एके-47 के इस्तेमाल का भी आरोप लगाया। चिब ने कहा कि युवा कांग्रेस इन मुद्दों को लेकर देशभर में संघर्ष जारी रखेगी। उन्होंने शिक्षा व्यवस्था और बेरोजगारी को भी प्रमुख मुद्दा बताया। चिब के मुताबिक शिक्षा व्यवस्था में जवाबदेही तय करने की जरूरत है। उन्होंने परीक्षा व्यवस्था में कथित गड़बड़ियों और एनटीए से जुड़े मामलों का उल्लेख करते हुए सरकार पर निशाना साधा।
अनुमति नहीं थी, सिविल जेल की कार्रवाईएसडीएम मनीषा वास्कले ने बताया कि प्रदर्शनकारियों को सभा स्थल के अलावा आगे प्रदर्शन की अनुमति नहीं थी। बावजूद प्रदर्शनकारी आगे बढ़े। उन्होंने कहा कि मामले में सिविल जेल की कार्रवाई की जा रही है। प्रदर्शन के दौरान डिपो के पास कुछ भाजपा कार्यकर्ता भी मौजूद रहे। कलेक्टर कार्यालय की ओर बढ़ रहे कांग्रेस कार्यकर्ताओं को पुलिस ने डिपो पर ही रोक दिया। करीब आधे घंटे चले प्रदर्शन के बाद स्थिति नियंत्रित हुई। हिरासत में लिए गए कार्यकर्ताओं को पुलिस लाइन ले जाया गया। इसके बाद कांग्रेस का हल्ला बोल आंदोलन शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो गया।
पुलिस ने किया सराहनीय कार्यहल्ला बोल कार्यक्रम को लेकर नगर की पुलिस ने सराहनीय कार्य किया। जिन्होंने नगर में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पहले ही तैयारी कर रखी थी। पुलिस ने पूरी तरह कानून व्यवस्था बनाए रखी। जिससे पूरा आंदोलन शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो सका और कोई घटना नहीं हुई।
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हिन्दुस्थान समाचार / मंगल नाहर

