राजगढ़ःआंगनवाड़ी केन्द्रों में हर्षोल्लास से मनाया गया ‘विद्यारंभ’ उत्सव
राजगढ़, 24 मार्च (हि.स.)। मध्य प्रदेश के राजगढ़ जिले में शाला-पूर्व शिक्षा को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से मंगलवार को सभी 2456 आंगनवाड़ी केन्द्रों में हर्षोल्लास के साथ ‘विद्यारंभ’ उत्सव मनाया गया। इस अवसर पर प्रारंभिक शिक्षा पूर्ण कर विद्यालय में प्रवेश लेने जा रहे 22,010 बच्चों को ‘विद्यारंभ प्रमाणपत्र’ प्रदान कर सम्मानित किया गया।
राजगढ़ परियोजना अंतर्गत आयोजित मुख्य कार्यक्रम में महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला कार्यक्रम अधिकारी श्यामबाबू खरे ने बच्चों को प्रमाणपत्र वितरित कर उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा कि आंगनवाड़ी केन्द्र बच्चों की पहली पाठशाला हैं, जहां पोषण, देखभाल और शिक्षा का समग्र विकास सुनिश्चित किया जाता है। “पोषण भी, पढ़ाई भी” कार्यक्रम के माध्यम से बच्चों को खेल-खेल में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा दी जा रही है।
उन्होंने बताया कि आंगनवाड़ी केवल देखभाल का केन्द्र नहीं, बल्कि प्रारंभिक शिक्षा का मजबूत आधार है,जहाँ बच्चों के शारीरिक, बौद्धिक, सामाजिक एवं भावनात्मक विकास पर विशेष ध्यान दिया जाता है। भारत सरकार के निर्देशानुसार अब शाला-पूर्व शिक्षा पूर्ण करने वाले बच्चों को औपचारिक मान्यता के रूप में ‘विद्यारंभ प्रमाणपत्र’ दिया जा रहा है, जिससे उनकी विद्यालयीन शिक्षा में सहज और आत्मविश्वासपूर्ण प्रवेश सुनिश्चित होता है।
सहायक संचालक ने आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं के समर्पण की सराहना की और अभिभावकों से बच्चों के सर्वांगीण विकास में सक्रिय भूमिका निभाने का आग्रह किया। कार्यक्रम में बच्चों द्वारा प्रस्तुत सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने सभी को प्रभावित किया। यह पहल जिले में प्रारंभिक बाल्यावस्था शिक्षा को और अधिक मजबूत बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम सिद्ध हो रही है।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / मनोज पाठक

