home page

विशेष जरूरतमंद बच्चों के दत्तक ग्रहण विषय पर कार्यशाला

 | 
विशेष जरूरतमंद बच्चों के दत्तक ग्रहण विषय पर कार्यशाला


रांची, 27 अक्टूबर (हि.स.)। केंद्रीय दत्तक ग्रहण संसाधन प्राधिकरण (सीएआरए) की ओर से झारखंड सरकार और राज्य दत्तक ग्रहण संसाधन एजेंसी (एसएआरए) के सहयोग से मंगलवार को रांची में पूर्वी क्षेत्र की पांचवीं क्षेत्रीय परामर्श कार्यशाला का आयोजन किया गया।

इस अवसर पर विशेष आवश्यकता वाले बच्चों को सुरक्षित, स्नेहपूर्ण और स्थायी परिवार उपलब्ध कराने के लिए विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय पर जोर दिया गया। इससे दत्तक ग्रहण की प्रक्रिया में आनेवाली बाधाओं की पहचान कर व्यावहारिक समाधान तैयार करने में सहोलियत मिल सके। इस अवसर पर सीएआरए की मुख्य कार्यकारी अधिकारी भावना सक्सेना ने जागरूकता बढ़ाने और संभावित दत्तक माता-पिता को आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराने पर बल दिया।

उन्होंने कहा कि दत्तक ग्रहण की प्रक्रिया में आने वाली बाधाओं को दूर करने और संभावित दत्तक माता-पिता के लिए उपलब्ध सहयोग को मजबूत करने की आवश्यकता है। निरंतर जागरूकता एवं संवेदनशील, बाल-केंद्रित दृष्टिकोण के माध्यम से अधिक से अधिक विशेष आवश्यकता वाले बच्चों को स्थायी परिवार उपलब्ध कराया जा सकता है।

वहीं, विभागीय सचिव उमाशंकर सिंह ने कहा कि कहा कि विशेष आवश्यकता वाले बच्चों को पारिवारिक जीवन, देखभाल एवं अपनत्व के समान अवसर सुनिश्चित करने के लिए सिर्फ जागरूकता तक सीमित न रहकर निरंतर एवं परिणामोन्मुखी कार्रवाई की जरूरत है। बाल संरक्षण प्राधिकरणों, स्वास्थ्य सेवा पेशेवरों और दत्तक ग्रहण एजेंसियों के बीच निरंतर सहयोग के माध्यम से हमें अपनी प्रतिबद्धता को बच्चों के लिए सार्थक परिणामों में बदलना होगा। कार्यशाला में चिकित्सकीय आकलन, कानूनी प्रक्रियाओं, वित्तीय पहलुओं, शिकायत निवारण और अंतर-विभागीय समन्वय से जुड़ी चुनौतियों पर चर्चा हुई।

महिला एवं बाल विकास मंत्रालय, भारत सरकार के अधीन आयोजित इस कार्यशाला में झारखंड, बिहार, ओडिशा और पश्चिम बंगाल के लगभग 115 जिलों से 175 हितधारकों सहित कई अधिकारी पदाधिकारी मौजूद थे।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / Manoj Kumar