झारखंड विधानसभा में लातेहार के तापखास-चंदनडीह विस्थापन का मुद्दा गरमाया, भूमिहीन परिवारों के पुनर्वास की उठी मांग
रांची, 27 फरवरी (हि.स.)। झारखंड विधानसभा के बजट सत्र के आठवें दिन शुक्रवार को लातेहार जिले के तापखास और चंदनडीह क्षेत्र में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई का मामला सदन में उठा। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के विधायक प्रकाश राम ने प्रशासनिक कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए प्रभावित परिवारों के पुनर्वास की मांग की।
विधायक प्रकाश राम ने कहा कि तापखास क्षेत्र में पिछले 40 से 50 वर्षों से रह रहे अनुसूचित जनजाति (एसटी) समुदाय के लोगों को अतिक्रमण के नाम पर हटाने के लिए प्रशासन की ओर से नोटिस देकर दबाव बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जिन लोगों ने दशकों से वहां अपना घर बसाया है, उन्हें अचानक विस्थापित करना उचित नहीं है।
उन्होंने सदन को बताया कि चंदनडीह में 266 लोगों को अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के तहत हटाया गया है और बदले में उन्हें मात्र दो-दो डिसमिल जमीन दी गई है। विधायक ने मांग की कि इनमें शामिल 155 भूमिहीन परिवारों के लिए आवास की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि वे सम्मानजनक जीवन जी सकें।
इस पर जवाब देते हुए विभागीय मंत्री दीपक बिरूआ ने कहा कि जहां सरकार की ओर से बंदोबस्ती की गई है, वहां लाभुकों को नियमानुसार स्थानांतरित होना चाहिए। उन्होंने आश्वासन दिया कि पूरे मामले की रिपोर्ट मंगाकर जांच कराई जाएगी और नियमों के अनुरूप कार्रवाई की जाएगी।
मामले पर नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने सरकार को घेरते हुए कहा कि बिना समुचित सर्वेक्षण और प्रभावित लोगों की पहचान किए विस्थापन की कार्रवाई करना गलत है। उन्होंने कहा कि आदिवासी परिवार दो डिसमिल जमीन पर न तो व्यवस्थित रूप से घर बना सकते हैं और न ही पशुपालन या आजीविका से जुड़ी गतिविधियां संचालित कर सकते हैं।
मरांडी ने सरकार से स्पष्ट मापदंड तय करने की मांग करते हुए कहा कि विस्थापित परिवारों को कम से कम सात डिसमिल जमीन उपलब्ध कराई जानी चाहिए, ताकि वे सम्मानपूर्वक जीवन यापन कर सकें।
इस पर मंत्री दीपक बिरूआ ने कहा कि यदि ऐसी मांग आती है तो सात डिसमिल तक जमीन बंदोबस्ती देने के प्रस्ताव पर विचार किया जा सकता है। उन्होंने यह भी कहा कि पात्र लाभुक यदि किसान श्रेणी में आते हैं तो उन्हें वन पट्टा योजना का लाभ भी दिया जा सकता है।----------------
हिन्दुस्थान समाचार / विकाश कुमार पांडे

