पूर्णाहुति के साथ संपन्न हुआ महाविष्णु यज्ञ
देवघर, 04 जून (हि.स.)। चितरा कोलियरी स्थित दुखिया बाबा मंदिर प्रांगण में आयोजित नौ दिवसीय श्री श्री 1008 महाविष्णु यज्ञ का पूर्णाहुति के साथ भव्य समापन हुआ।
पूर्णाहुति के अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने यज्ञशाला पहुंचकर यज्ञ कुंड में घी की आहुति अर्पित की और क्षेत्र की सुख-समृद्धि तथा विश्व कल्याण की कामना की। समापन समारोह में मुख्य रूप से शशांक शेखर भोक्ता, चितरा कोलियरी के अभिकर्ता उमेश प्रसाद चौधरी सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। यज्ञ के अंतिम दिन और आठवीं रात्रि को मेला क्षेत्र में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। इस दौरान चितरा पुलिस एवं जिला प्रशासन ने यातायात और विधि-व्यवस्था को लेकर पूरी सतर्कता बरती।
वहीं मुख्य पंडाल में संगीतमय रामकथा का आयोजन किया गया, जिसमें कथा वाचिका व्यास सोनम जी ने श्रद्धालुओं को कथा का रसपान कराया। उन्होंने कहा कि जहां रामकथा का आयोजन होता है, वहां अयोध्या धाम का वातावरण स्वतः निर्मित हो जाता है। कथा के दौरान उन्होंने कलियुग में भगवान के नाम-स्मरण की महिमा का वर्णन करते हुए कहा कि अन्य युगों में जिस फल की प्राप्ति बड़े-बड़े तप और यज्ञ से होती थी, वहीं फल कलियुग में केवल प्रभु के नाम जप से प्राप्त हो सकता है। कथा के दौरान केवट प्रसंग का मार्मिक वर्णन करते हुए उन्होंने कहा कि मानव जीवन एक नैया के समान है और भगवान श्रीराम उसके तारणहार हैं, जो जीवों को भवसागर से पार लगाते हैं।
इस अवसर पर भजन गायक अवध बिहारी सांवरिया ने अपने मधुर भजनों से श्रद्धालुओं को भक्ति रस में सराबोर कर दिया। देर रात्रि वृंदावन धाम से आई कृष्ण लीला मंडली ने भक्त नरसी मेहता के जीवन चरित्र का मंचन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ भगवान श्रीकृष्ण की आरती से हुआ, जिसके बाद जय जय राधा रमण हरि बोल सहित विभिन्न भजनों की प्रस्तुति दी गई।
पूरे आयोजन के दौरान श्रद्धालु भक्ति, श्रद्धा और आध्यात्मिक वातावरण में डूबे रहे। कार्यक्रम का संचालन राजेश राय ने किया।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / Anup Kumar Roy

