छेब में स्कूल सुरक्षा पर 3 दिवसीय प्रशिक्षण शुरू, कांगड़ा, हमीरपुर, ऊना व चंबा के एनजीओ प्रतिनिधि हुए शामिल
धर्मशाला, 03 अगस्त (हि.स.)। स्कूलों को आपदा के प्रति सुरक्षित बनाने के उद्देश्य से क्षेत्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण प्रशिक्षण केंद्र, छेब, कांगड़ा में सोमवार से 3 दिवसीय प्रशिक्षकों का प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रारंभ हुआ। यह प्रशिक्षण स्कूलों की सुरक्षा ऑडिट एवं गैर-संरचनात्मक आकलन विषय पर आयोजित किया जा रहा है।
प्रशिक्षण में कांगड़ा, हमीरपुर, ऊना और चंबा जिलों के कनिष्ठ अभियंता, सहायक अभियंता, तकनीकी सहायक और गैर-सरकारी संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। यह कार्यक्रम संयुक्त राष्ट्र विकास कार्यक्रम द्वारा कार्यान्वित परियोजना हिमाचल प्रदेश में आपदा जोखिम प्रबंधन प्रणाली को सुदृढ़ बनाना के स्कूल सुरक्षा घटक के अंतर्गत आयोजित है। इसका आयोजन हिमाचल प्रदेश राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण और जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरणों के सहयोग से किया गया है।
उद्घाटन सत्र में क्षेत्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण प्रशिक्षण केंद्र, छेब की प्राचार्य दीपाली शर्मा मुख्य रूप से उपस्थित रहीं।
इस अवसर पर अमित तुतेजा राज्य परियोजना अधिकारी ने प्रशिक्षण के उद्देश्यों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि वर्तमान परिस्थितियों में स्कूलों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि इस तरह के प्रशिक्षण से मैदानी स्तर पर कार्य करने वाले अधिकारियों की क्षमता बढ़ेगी और आपदा के समय त्वरित व प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित हो सकेगी।
कार्यक्रम में पारस उपाध्याय, जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण, कांगड़ा की ओर से कुलदीप सिंह सहित लगभग 40 प्रतिभागी उपस्थित रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / सतेंद्र धलारिया

