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पालमपुर नगर निगम बन चुका है भ्रष्टाचार और अव्यवस्था केंद्र : विपिन परमार

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पालमपुर नगर निगम बन चुका है भ्रष्टाचार और अव्यवस्था केंद्र : विपिन परमार


धर्मशाला, 14 मई (हि.स.)। भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष एवं विधायक विपिन परमार ने पालमपुर नगर निगम चुनावों को लेकर वीरवार को कांग्रेस सरकार और कांग्रेस शासित नगर निगम पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि पालमपुर नगर निगम भ्रष्टाचार, अव्यवस्था, प्रशासनिक लापरवाही और जनता से धोखे का प्रतीक बन चुका है। उन्होंने कहा कि भाजपा जनता के सामने कांग्रेस सरकार और नगर निगम के ढाई वर्षों के कुशासन का पूरा सच लेकर आई है।

विपिन परमार ने कहा कि कांग्रेस नेतृत्व वाला पालमपुर नगर निगम भ्रष्टाचार और वित्तीय अनियमितताओं का अड्डा बन चुका है। उन्होंने यह आरोप वीरवार को कांग्रेस के खिलाफ जारी चार्जशीट के दौरान लगाए।

उन्होंने आरोप लगाया कि करीब 20 लाख की वज़न मशीन को मात्र 50 हजार में कबाड़ के रूप में बेच दिया गया। वहीं लगभग 14 लाख की लागत से बनाए गए 22 सार्वजनिक शौचालय आज भी उपयोग में नहीं हैं तथा शहर की 80 प्रतिशत सोलर लाइटें खराब पड़ी हैं।

उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा स्वीकृत 127 करोड़ की सीवरेज योजना तथा प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत बनने वाले 432 मकान कई वर्षों बाद भी पूरे नहीं हो पाए हैं, जिससे साफ है कि सरकारी धन का सही उपयोग नहीं किया गया और विकास कार्यों में भारी लापरवाही बरती गई।

विपिन परमार ने कहा कि कांग्रेस सरकार ने स्वास्थ्य सेवाओं को भी पूरी तरह चरमरा दिया है। पालमपुर सिविल अस्पताल में मरीजों की भारी भीड़ है, जहां 200 बिस्तरों की आवश्यकता होने के बावजूद केवल 100 बिस्तर उपलब्ध हैं। लगभग 7 लाख लोगों का इलाज इसी अस्पताल पर निर्भर है, लेकिन सुविधाएं लगातार कम होती जा रही हैं। उन्होंने कहा कि जो ओपीडी पर्ची पहले मुफ्त मिलती थी, उसके लिए अब ₹10 शुल्क लिया जा रहा है और कई मेडिकल जांचें, जो पहले निशुल्क थीं, अब भुगतान करके करवानी पड़ रही हैं।

विपिन परमार ने आरोप लगाया कि कुछ कांग्रेस पार्षद नगर निगम के कार्यों में स्वयं ठेकेदारों की भूमिका निभा रहे हैं, जिससे पारदर्शिता और सत्ता के दुरुपयोग को लेकर गंभीर सवाल खड़े हुए हैं। उन्होंने कहा कि जनता से किए गए कई चुनावी वादे आज भी अधूरे पड़े हैं।

विपिन परमार ने कहा कि दिसंबर 2023 में जिला उपभोक्ता आयोग ने पालमपुर नगर निगम को एक निवासी का जल कनेक्शन अवैध रूप से काटने पर 25,000 से अधिक का मुआवजा देने, जल आपूर्ति बहाल करने और पुनः कनेक्शन होने तक प्रतिदिन 100 भुगतान करने के आदेश दिए थे। उन्होंने कहा कि यह नगर निगम की मनमानी और गैर-जिम्मेदार कार्यप्रणाली का बड़ा उदाहरण है।

विपिन परमार ने कहा कि कांग्रेस शासित नगर निगम में खराब योजना निर्माण और जनता के पैसों की बर्बादी के उदाहरण लगातार सामने आए। कई स्थानों पर नई बनी सड़कों को थोड़े समय बाद ही सीवरेज कार्यों के लिए फिर से खोद दिया गया, जिससे प्रशासनिक विफलता और समन्वय की कमी स्पष्ट दिखाई दी।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में पालमपुर में बड़ा भूमि घोटाला सामने आया, जिसमें राजस्व अधिकारियों की मिलीभगत से लगभग 101 कनाल जमीन का गलत तरीके से ट्रांसफर किया गया। इससे करीब 20 परिवार, जो लगभग 80 वर्षों से वहां रह रहे थे, बेघर होने की स्थिति में पहुंच गए।

विपिन परमार ने विश्वास जताया कि पालमपुर की जनता इस बार कांग्रेस को नगर निगम से बाहर का रास्ता दिखाएगी और भाजपा को भारी जनसमर्थन मिलेगा।

हिन्दुस्थान समाचार / सतेंद्र धलारिया