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प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए हिमाचल के 83 विद्यार्थियों को मिलेगी मुफ्त ऑनलाइन कोचिंग

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प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए हिमाचल के 83 विद्यार्थियों को मिलेगी मुफ्त ऑनलाइन कोचिंग


धर्मशाला, 08 सितंबर (हि.स.)। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय, भारत सरकार के सहयोग से फिजिक्स वाला (ऑनलाइन प्लेटफ़ॉर्म) कीओर से प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए पात्र विद्यार्थियों हेतु निःशुल्क ऑनलाइन कोचिंग कार्यक्रम शुरू किया जा रहा है। केंद्रीय विश्वविद्यालय हिमाचल प्रदेश के माध्यम से शुरू होने वाले इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य सामाजिक एवं आर्थिक रूप से वंचित वर्गों के विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण अध्ययन सामग्री, ऑनलाइन कक्षाएं, टेस्ट सीरीज तथा उचित मार्गदर्शन उपलब्ध कराना है।

इस कार्यक्रम के अंतर्गत यूपीएससी, एसएससी और बैंकिंग परीक्षाओं की तैयारी के लिए कुल 83 विद्यार्थियों का चयन किया जाएगा। इसके लिए आवेदन की अंतिम तिथि 21 सितंबर 2026 निर्धारित की गई है, जबकि मेरिट सूची 30 सितंबर 2026 को घोषित की जाएगी। इस योजना के अंतर्गत आवेदन/पंजीकरण शुल्क 100 रुपये निर्धारित है।

इस कार्यक्रम के तहत यूपीएससी के लिए 25, एसएससी के लिए 41 तथा बैंकिंग परीक्षाओं के लिए 17 सीटें निर्धारित हैं। कुल 83 सीटों में 41 सीटें कला स्नातक, 21 सीटें वाणिज्य स्नातक तथा 21 सीटें विज्ञान स्नातक विद्यार्थियों के लिए निर्धारित हैं। अनुसूचित जाति (एससी), अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी), आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस) तथा पीएम केयर्स के लाभार्थी विद्यार्थी आवेदन कर सकते हैं। एससी, ओबीसी और ईडब्ल्यूएस वर्ग के विद्यार्थियों के परिवार की वार्षिक आय सभी स्रोतों से 8 लाख रुपये या उससे कम होनी चाहिए। पीएम केयर्स के लाभार्थियों के लिए आय अथवा जाति संबंधी कोई प्रतिबंध नहीं है। आवेदक की आयु 21 से 37 वर्ष के बीच होनी आवश्यक है। चयन स्नातक स्तर पर प्राप्त अंकों के प्रतिशत के आधार पर तैयार मेरिट सूची के माध्यम से किया जाएगा। कार्यक्रम पूरी तरह ऑनलाइन संचालित होगा। चयनित विद्यार्थियों को लाइव एवं रिकॉर्डेड कक्षाएं, अध्ययन सामग्री, टेस्ट सीरीज, पिछले वर्षों के प्रश्नपत्र, डाउट-सॉल्विंग सेशन, मेंटरशिप एवं काउंसलिंग जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।

सीयू के कुलपति प्रो. सत प्रकाश बंसल के अनुसार इस पहल के माध्यम से हिमाचल प्रदेश, विशेषकर दूरदराज और वंचित क्षेत्रों के विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण कोचिंग का अवसर मिलेगा। इससे उन्हें प्रतियोगी परीक्षाओं की बेहतर तैयारी करने और राष्ट्रीय स्तर पर सफलतापूर्वक प्रतिस्पर्धा करने में मदद मिलेगी। वहीं कार्यक्रम समन्वयक व अधिष्ठाता अकादमिक प्रो. प्रदीप कुमार ने कहा कि यह पहल योग्य विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण कोचिंग और विशेषज्ञ मार्गदर्शन उपलब्ध कराएगी, जिससे वे प्रतियोगी परीक्षाओं की बेहतर तैयारी कर सकेंगे।

हिन्दुस्थान समाचार / सतेंद्र धलारिया