home page

चार बीघा भूमि में 1.38 लाख अफीम के पौधे किए नष्ट

 | 
चार बीघा भूमि में 1.38 लाख अफीम के पौधे किए नष्ट


मंडी, 01 मई (हि.स.)। प्रदेश सरकार की ओर से चिट्टा-मुक्त हिमाचल को जनादोलन का स्वरूप दिया जा रहा है। इसी कड़ी में गुरुवार को एसटीएफ मंडी ने द्रंग क्षेत्र के इलाका उतरशाल में अवैध अफीम की खेती के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की। दुर्गम क्षेत्र होने के चलते पुलिस टीम ने रात के अंधेरे में जोखिम उठाते हुए मौके तक पहुंचकर दबिश दी। टीम को इलाका उत्तरशाल के अंतर्गत सिलसुलहरी उप-तहसील कटौला में अवैध खेती की गुप्त सूचना मिली थी। सूचना के आधार पर तलाशी अभियान चलाया।

जांच के दौरान निजी भूमि पर करीब 10 खेतों में फैली लगभग चार बीघा जमीन पर अवैध अफीम की खेती पाई गई। यहां से करीब 1,38,655 अफीम के पौधे बरामद किए गए, जिन्हें टीम ने मौके पर ही नष्ट कर दिया। कई साल पूर्व मंडी जिला की चौहारघाटी में अफीम की खेती को लेकर इसी तरह का अभियान चलाया गया था।

अब इतने सालों के बाद चौहारघाटी के साथ लगते दुर्गम क्षेत्र उतरशाल में यह अभियान चलाया जा रहा है।

इस मामले में थाना पधर, जिला मंडी में संलिप्त आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है और आगामी कार्रवाई अभी जारी है।

थाना प्रभारी पधर अनिल कटोच ने बताया कि इस कार्रवाई का उद्देश्य अवैध अफीम की खेती पर प्रभावी रोक लगाना, क्षेत्र में कानून-व्यवस्था को मजबूत करना और भविष्य में इस तरह की गतिविधियों की पुनरावृत्ति को रोकना है। उन्होंने लोगों, खासकर युवाओं से अपील की कि नशे से जुड़ी किसी भी जानकारी को तुरंत 112 या नजदीकी पुलिस थाना में साझा करें। सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।

मामले की पुष्टि डीएसपी पधर लोकेंद्र नेगी ने की है। पुलिस ने विश्वास जताया है कि मुख्यमंत्री के नेतृत्व और युवाओं की भागीदारी से प्रदेश को नशामुक्त बनाने का लक्ष्य जरूर हासिल किया जाएगा।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / मुरारी शर्मा