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चुराह को 60.67 करोड़ की सौगात, चार सरकारी स्कूल होंगे सीबीएसई से संबद्ध : मुख्यमंत्री

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चुराह को 60.67 करोड़ की सौगात, चार सरकारी स्कूल होंगे सीबीएसई से संबद्ध : मुख्यमंत्री


चंबा, 04 नवंबर (हि.स.)। मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने बुधवार काे चंबा जिला के चुराह विधानसभा क्षेत्र के भंजराड़ू में 60.67 करोड़ रुपये की लागत वाली नौ विकासात्मक परियोजनाओं के लोकार्पण एवं शिलान्यास किए। इस दौरान उन्होंने क्षेत्र के चार राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालयों हिमगिरी, थल्ली, जज्जाकोठी और मारूंड को सीबीएसई से संबद्ध करने की घोषणा भी की। इसके अलावा विभिन्न पंचायतों में सड़कों के निर्माण के लिए आवश्यक बजट उपलब्ध करवाने का आश्वासन दिया।

मुख्यमंत्री ने 2.84 करोड़ रुपये से निर्मित लोक निर्माण विभाग मंडल कार्यालय भवन तीसा, 25.51 करोड़ रुपये से कियाणी-राजनगर-चकलू-कोटी सड़क के उन्नयन तथा विभिन्न पंचायतों में पेयजल योजनाओं के सुधार और संवर्धन कार्यों का लोकार्पण किया। इन पेयजल परियोजनाओं पर कुल 11.46 करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं। इसके अतिरिक्त उन्होंने 8.27 करोड़ रुपये से कैहला, 5.64 करोड़ रुपये से टिकरी संपर्क सड़क तथा 6.94 करोड़ रुपये की लागत से डकाला से कुंडा तक सड़क निर्माण कार्य की आधारशिलाएं रखीं।

भंजराड़ू कला मंच में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इन परियोजनाओं से चुराह क्षेत्र में सड़क संपर्क और पेयजल सुविधाएं मजबूत होंगी। बेहतर सड़क नेटवर्क से लोगों की आवाजाही सुगम होगी तथा ग्रामीण क्षेत्रों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने में मदद मिलेगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार आर्थिक स्थिति मजबूत करने और हिमाचल को आत्मनिर्भर बनाने के लिए ठोस कदम उठा रही है। राजस्थान को 15.50 रुपये प्रति यूनिट की दर से बिजली बेचने के समझौते से आगामी चार महीनों में प्रदेश को 400 करोड़ रुपये की आमदनी होगी। उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार के चोर दरवाजे बंद कर सरकार प्रदेश के संसाधनों का बेहतर उपयोग सुनिश्चित कर रही है।

उन्होंने कहा कि वाइल्ड फ्लावर हॉल शिमला मामले में प्रभावी कानूनी पैरवी के बाद प्रदेश सरकार को 401 करोड़ रुपये प्राप्त हुए हैं। अब ई-नीलामी के माध्यम से प्रतिवर्ष लगभग 37 करोड़ रुपये का राजस्व मिलेगा। इस आय को जनहित के कार्यों पर खर्च किया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए कच्ची हल्दी पर 150 रुपये, गेहूं पर 80 रुपये और मक्की पर 50 रुपये प्रति किलोग्राम न्यूनतम समर्थन मूल्य दे रही है। वहीं गाय के दूध के लिए 61 रुपये और भैंस के दूध के लिए 71 रुपये प्रति लीटर समर्थन मूल्य निर्धारित किया गया है।

उन्होंने कहा कि जनजातीय क्षेत्रों में शत-प्रतिशत विद्युतीकरण और सुरक्षित पेयजल की सुविधा सुनिश्चित की गई है। शिक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए सीबीएसई विद्यालय, राजीव गांधी राजकीय आदर्श डे-बोर्डिंग स्कूल और शिक्षकों की पर्याप्त नियुक्ति जैसे कदम उठाए जा रहे हैं।

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हिन्दुस्थान समाचार / सुनील शुक्ला