बूथ सशक्तिकरण से ही चुनावी जीत संभव: सांसद सिकंदर कुमार
शिमला, 19 जनवरी (हि.स.)। शिमला जिले के ठियोग-कुमारसैन विधानसभा क्षेत्र के ग्राम केंद्र नहोल-टयाली में पांच बूथों की संयुक्त बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में राज्यसभा सांसद और भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश महामंत्री डॉ. सिकंदर कुमार ने कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि बूथ भाजपा संगठन की सबसे छोटी इकाई जरूर है, लेकिन यही संगठन की सबसे महत्वपूर्ण ताकत भी है। बूथ सशक्तिकरण भाजपा का एक अहम कार्यक्रम है, जिसके माध्यम से पार्टी सीधे बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं से संवाद करती है और संगठन को मजबूत बनाती है।
डॉ. सिकंदर कुमार ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी “अपना बूथ सबसे मजबूत” के लक्ष्य के साथ लगातार काम कर रही है। बूथ पर काम करने वाले कार्यकर्ता पार्टी की रीढ़ हैं, जो दिन-रात मेहनत कर संगठन को आगे बढ़ाते हैं। उन्होंने कहा कि चुनाव के समय बूथ कार्यकर्ताओं की जिम्मेदारी और भी बढ़ जाती है, क्योंकि भाजपा का स्पष्ट मानना है कि यदि बूथ जीत लिया गया तो चुनाव भी जीता जा सकता है।
राज्यसभा सांसद ने बूथ स्तर पर संगठन के विस्तार और सशक्तिकरण के लिए किए जा रहे कार्यों की सराहना की। उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी आज दुनिया की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी है और यह कार्यकर्ताओं के समर्पण, अनुशासन और मेहनत का परिणाम है। उन्होंने बताया कि देश के 20 से अधिक राज्यों में भाजपा की अपने दम पर या गठबंधन के साथ सरकारें हैं और देश को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जैसा मजबूत नेतृत्व मिला है।
डॉ. सिकंदर कुमार ने पार्टी द्वारा चलाए जा रहे वीबी-जीराम जी और एसआईआर कार्यक्रमों को लेकर भी कार्यकर्ताओं से लोगों को जागरूक करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि वीबी-जीराम जी अधिनियम का उद्देश्य ग्रामीण विकास को सुनिश्चित करना है और इसके तहत ग्रामीण क्षेत्रों में 125 दिनों के सुनिश्चित रोजगार की व्यवस्था की गई है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ग्रामीण इलाकों में भ्रष्टाचार मुक्त विकास के लिए प्रतिबद्ध है। इसी तरह एसआईआर कार्यक्रम के माध्यम से निर्वाचन आयोग फर्जी मतदाताओं की पहचान कर रहा है, लेकिन विपक्षी दल इन अभियानों को लेकर लोगों को गुमराह कर रहे हैं।
डॉ. सिकंदर कुमार ने आगामी विधानसभा चुनावों की तैयारी पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि अगले वर्ष हिमाचल प्रदेश में विधानसभा चुनाव होने हैं और इसके लिए कार्यकर्ताओं को अभी से जुट जाना होगा। उन्होंने कहा कि मौजूदा प्रदेश सरकार की झूठी गारंटियों, वादाखिलाफी और नाकामियों को जनसंपर्क के माध्यम से लोगों तक पहुंचाना जरूरी है। इसके साथ ही केंद्र की मोदी सरकार द्वारा हिमाचल प्रदेश के लिए किए गए विकास कार्यों की जानकारी भी जनता के बीच रखनी होगी।
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हिन्दुस्थान समाचार / उज्जवल शर्मा

