राज्यपाल कविंद्र गुप्ता ने ‘मातृवंदना’ पत्रिका के विशेषांक का किया विमोचन
शिमला, 13 अप्रैल (हि.स.)। हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल कविंद्र गुप्ता ने सोमवार को शिमला के ऐतिहासिक गेयटी थिएटर में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की पत्रिका “मातृवंदना” के विशेषांक का विमोचन किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि मातृवंदना जैसी पत्रिकाएं समाज में राष्ट्रभक्ति और राष्ट्रधर्म की भावना को मजबूत करने का काम करती हैं और नागरिकों में जिम्मेदारी का भाव जगाती हैं।
कार्यक्रम के दौरान राज्यपाल ने कहा कि मातृवंदना कई वर्षों से लगातार प्रकाशित हो रही है और समाज में राष्ट्रीय चेतना को बढ़ाने में इसकी महत्वपूर्ण भूमिका रही है। उन्होंने कहा कि इस तरह की पत्रिकाएं लोगों को देश के प्रति अपने कर्तव्यों के प्रति जागरूक करती हैं और समाज को सकारात्मक दिशा देती हैं।
इस अवसर पर राज्यपाल ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम पर भी अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि देश में लगभग 50 प्रतिशत मतदाता महिलाएं हैं और उन्हें केवल मतदाता के रूप में नहीं बल्कि नीति निर्धारक के रूप में भी सक्रिय भूमिका निभाने का अवसर मिलना चाहिए। उनका कहना था कि इस अधिनियम का उद्देश्य महिलाओं की भागीदारी को बढ़ाना है ताकि वे निर्णय प्रक्रिया में सशक्त तरीके से शामिल हो सकें।
उन्होंने यह भी कहा कि भारतीय परंपरा में महिलाओं को हमेशा उच्च स्थान दिया गया है। उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि भगवान कृष्ण से पहले राधा का नाम लिया जाता है और विवाह के निमंत्रण पत्रों में भी महिलाओं को प्राथमिकता दी जाती है। राज्यपाल ने कहा कि इस अधिनियम की सफलता अंततः मतदाताओं पर निर्भर करती है, क्योंकि लोकतंत्र में सबसे बड़ी भूमिका जनता की होती है। इसके बाद राजनीतिक दलों और सामाजिक संस्थाओं की जिम्मेदारी आती है।
इस दौरान मंडी जिले के सरकाघाट में 19 वर्षीय युवती की हत्या की घटना पर भी राज्यपाल ने गहरा शोक व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश एक शांतिप्रिय राज्य माना जाता है और ऐसी घटनाएं बेहद दुर्भाग्यपूर्ण हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि इस मामले में दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
मुख्यमंत्री से मुलाकात के सवाल पर राज्यपाल कविंद्र गुप्ता ने कहा कि प्रदेश के समग्र विकास के लिए सभी को मिलकर काम करना जरूरी है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि वह सरकार के साथ समन्वय बनाकर हिमाचल प्रदेश की बेहतरी के लिए लगातार प्रयास करते रहेंगे।
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हिन्दुस्थान समाचार / उज्जवल शर्मा

