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हिसार में राजगुरु मार्केट की नई पार्किंग व्यवस्था पर बवाल, व्यापारियों ने उठाए सवाल

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हिसार में राजगुरु मार्केट की नई पार्किंग व्यवस्था पर बवाल, व्यापारियों ने उठाए सवाल


हिसार में राजगुरु मार्केट की नई पार्किंग व्यवस्था पर बवाल, व्यापारियों ने उठाए सवाल


दूसरे दिन ही दो महिला कर्मचारियों के भरोसे दिखी पार्किंग व्यवस्था

एसोसिएशन बोली-त्योहारों में कैसे संभलेगी हजारों वाहनों की भीड़

हिसार, 19 सितंबर (हि.स.)। शहर के सबसे प्रमुख और व्यस्त राजगुरु मार्केट में

नगर निगम की नई पार्किंग व्यवस्था शुरू होते ही विवादों में घिर गई है। महिलाओं के

हाथों में पार्किंग की कमान सौंपे जाने के दूसरे ही दिन राजगुरु मार्केट एसोसिएशन ने

व्यवस्था की खामियां गिनाते हुए निगम के फैसले पर सवाल खड़े कर दिए। व्यापारियों का

कहना है कि इतनी बड़ी पार्किंग को महज दो-तीन महिला कर्मचारियों के भरोसे छोड़ना जमीनी

हकीकत से अनजान फैसला है। खासकर त्योहारों के सीजन में इससे जाम और अव्यवस्था की स्थिति

पैदा हो सकती है।

पहले दिन शुक्रवार को करीब नौ महिला कर्मचारी पूरी यूनिफॉर्म में पार्किंग

व्यवस्था संभालती नजर आई थीं, जबकि शनिवार को मौके पर महज दो महिला कर्मचारी ही दिखाई

दीं। ई-टेंडरिंग के तहत कांता सेल्फ हेल्प ग्रुप, ढाणी श्यामलाल, सीमा शर्मा प्रधान

को एक वर्ष के लिए 5.51 लाख रुपये में पार्किंग का ठेका दिया गया है। राजगुरु मार्केट

और पंजाबी धर्मशाला के सामने का पार्किंग क्षेत्र काफी बड़ा है। एसोसिएशन का कहना है

कि दो महिलाएं पूरे क्षेत्र को संभालने में सक्षम नहीं होंगी। इससे वाहनों की कतारें

लगने और ट्रैफिक जाम की स्थिति बन रही है। व्यापारियों के अनुसार, वाहन चालकों और पार्किंग

कर्मचारियों के बीच कहासुनी की आशंका भी बनी रहती है। ऐसे में महिला कर्मचारियों की

सुरक्षा के लिए उनके साथ पुरुष कर्मचारियों की तैनाती भी जरूरी है।

राजगुरु मार्केट एसोसिएशन के प्रधान सुरेंद्र बजाज और अन्य पदाधिकारियों का

कहना है कि पहले यह पार्किंग वेलफेयर एसोसिएशन के पास थी, लेकिन करीब डेढ़ महीने से

बंद पड़ी थी। निगम ने एसोसिएशन से संवाद या समन्वय किए बिना सीधे नया ठेका लागू कर

दिया। व्यापारियों का कहना है कि पार्किंग का क्षेत्र बहुत बड़ा है और इसके संचालन

के लिए पर्याप्त स्टाफ की जरूरत है।

एसोसिएशन के सचिव महेश चौधरी ने कहा कि महिलाओं को अकेले इतनी बड़ी पार्किंग

संभालने में परेशानी होगी। त्योहारों के दौरान भीड़ बढ़ने पर स्थिति और चुनौतीपूर्ण

हो जाएगी। उनके साथ पुरुष कर्मचारियों की तैनाती जरूरी है।

सीनियर वाइस प्रेसिडेंट टीनू आहूजा ने कहा कि पार्किंग व्यवस्था सही तरीके

से नहीं चली या असामाजिक तत्वों को शामिल किया गया और किसी तरह का विवाद हुआ तो एसोसिएशन

इसका पुरजोर विरोध करेगी। उन्होंने कहा कि प्रशासन को फैसला लेने से पहले मार्केट एसोसिएशन

के साथ उचित समन्वय करना चाहिए था। इतनी बड़ी पार्किंग के बजाय महिलाओं को छोटे पार्किंग

क्षेत्र की जिम्मेदारी दी जा सकती थी।

वहीं नगर निगम का कहना है कि पार्किंग व्यवस्था में पारदर्शिता बनाए रखने के

लिए कड़े नियम लागू किए गए हैं। बिना यूनिफॉर्म ड्यूटी करने वाले कर्मचारी पर 500 रुपये

जुर्माना लगाया जाएगा। ओवरचार्जिंग मिलने पर 10 हजार से 20 हजार रुपये तक की पेनल्टी

और जरूरत पड़ने पर ठेका रद्द करने का प्रावधान है। कार की पार्किंग फीस 30 रुपये प्रतिदिन

तय की गई है, जबकि टू-व्हीलर की पार्किंग निशुल्क रहेगी।

हिन्दुस्थान समाचार / राजेश्वर