हिसार : बेटियों को आत्मनिर्भर बनाना ही महिला सशक्तिकरण की असली पहचान : मीना परमार
बेटियों को समान अवसर देने और आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित करने का आह्वान
हिसार, 01 नवंबर (हि.स.)। हरियाणा राज्य महिला आयोग की उपाध्यक्ष मीना परमार
ने कहा है कि बच्चों को अच्छी शिक्षा देने के साथ-साथ उनमें नैतिक मूल्यों और अच्छे
संस्कारों का विकास करना भी बेहद जरूरी है। बेटियों को शिक्षित, आत्मनिर्भर और सशक्त
बनाना ही वास्तविक महिला सशक्तिकरण की पहचान है। आज बेटियां शिक्षा, खेल, विज्ञान और
तकनीक सहित हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा रही हैं और देश व प्रदेश का नाम
रोशन कर रही हैं।
मीना परमार रविवार काे आजाद नगर स्थित ब्लू बेल्स कॉन्वेंट स्कूल में आयोजित कार्यक्रम
को संबोधित कर रही थीं। कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती की वंदना के साथ हुआ। मीना
परमार ने अभिभावकों से आह्वान किया कि वे अपनी बेटियों को बेहतर शिक्षा दिलाएं और उन्हें
जीवन में आगे बढ़ने के लिए निरंतर प्रोत्साहित करें। उन्होंने कहा कि बेटियों को भी
हर क्षेत्र में बेटों के समान अवसर मिलने चाहिए, ताकि वे अपनी प्रतिभा और क्षमता के
बल पर सफलता की नई ऊंचाइयां हासिल कर सकें। उन्होंने हरियाणा राज्य महिला आयोग की ओर
से महिलाओं की सुरक्षा, अधिकारों के संरक्षण और उनके हितों के लिए चलाई जा रही विभिन्न
योजनाओं एवं गतिविधियों की भी विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि महिलाओं को अपने
अधिकारों के प्रति जागरूक होना चाहिए और किसी भी प्रकार की समस्या या उत्पीड़न की स्थिति
में उचित सहायता लेने से पीछे नहीं हटना चाहिए। कार्यक्रम के दौरान स्कूली बच्चों ने रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देकर
सभी का मन मोह लिया। बच्चों की शानदार प्रस्तुतियों को उपस्थित अभिभावकों और अतिथियों
ने खूब सराहा। इस अवसर पर महिला आयोग की सदस्य सुनीता रेड्डू, आदित्य रेड्डू, सीडीपीओ कृष्णा
चहल, वाइस प्रिंसिपल सुशीला सिंधु व सुदेश पूनिया तथा मीनाक्षी मान सहित अनेक गणमान्य
व्यक्ति उपस्थित रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / राजेश्वर

