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कैथल: पराली जलाने पर निगरानी के लिए जिले में तैनात किए 629 नोडल अधिकारी

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कैथल: पराली जलाने पर निगरानी के लिए जिले में तैनात किए 629 नोडल अधिकारी


कैथल, 24 सितंबर (हि.स.)। धान की कटाई के दौरान पराली जलाने की घटनाओं पर रोक लगाने के लिए जिला प्रशासन ने निगरानी व्यवस्था को मजबूत किया है। जिले में फसल अवशेष प्रबंधन की निगरानी के लिए 629 नोडल अधिकारियों की ड्यूटी लगाई गई है। ये अधिकारी संबंधित एचसीएस अधिकारियों के निर्देशन में गांवों में जाकर स्थिति पर नजर रख रहे हैं।

वीरवार को लघु सचिवालय में फसल अवशेष प्रबंधन को लेकर हुई समीक्षा बैठक में डीसी अपराजिता ने अधिकारियों से अब तक की तैयारियों की जानकारी ली। उन्होंने स्पष्ट किया कि पराली जलाने की किसी भी घटना को रोकने के लिए फील्ड स्तर पर निगरानी के साथ-साथ किसानों से लगातार संपर्क बनाए रखना जरूरी है। प्रशासन के अनुसार जिले का कैलरम गांव रेड जोन में शामिल है, जबकि 16 गांवों को येलो जोन में रखा गया है। इन गांवों में विशेष निगरानी की जा रही है। किसानों को फसल अवशेषों के प्रबंधन के लिए उपलब्ध मशीनरी और अन्य सुविधाओं की जानकारी भी दी जा रही है। जिले में इन-सीटू और एक्स-सीटू फसल अवशेष प्रबंधन के लिए पर्याप्त मशीनरी उपलब्ध होने का दावा प्रशासन ने किया है।

डीसी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसानों को मशीनरी उपलब्ध करवाने में किसी तरह की परेशानी नहीं होनी चाहिए। साथ ही खेतों में पराली जलाने की सूचना मिलने पर तत्काल मौके पर पहुंचकर नियमानुसार कार्रवाई की जाए। किसानों को पराली जलाने से होने वाले नुकसान के साथ-साथ फसल अवशेष प्रबंधन पर सरकार की ओर से दी जा रही प्रोत्साहन राशि की जानकारी भी देने को कहा गया है।

प्रशासन ने जिले में धारा 163 लागू कर रखी है। पराली जलाते पकड़े जाने पर जुर्माने के साथ राजस्व रिकॉर्ड में रेड एंट्री सहित नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा पराली से तैयार बेल्स के सुरक्षित भंडारण के लिए स्टोरेज यार्ड और अन्य उपयुक्त स्थानों की पहचान करने के निर्देश भी अधिकारियों को दिए गए हैं। बैठक से पहले मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से प्रदेश के उपायुक्तों के साथ फसल अवशेष प्रबंधन और पराली जलाने की रोकथाम को लेकर तैयारियों की समीक्षा की। इस दौरान डीडीए रविंद्र कुमार, डीआईपीआरओ नसीब सैनी, एसडीओ सतीश नारा, जगदीश चंद्र सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।

हिन्दुस्थान समाचार / पंकज अत्रे