home page

कैथल में सफाई कर्मचारियों के वेतन की होगी जांच, लापरवाही पर एजेंसी होगी ब्लैकलिस्ट

 | 
कैथल में सफाई कर्मचारियों के वेतन की होगी जांच, लापरवाही पर एजेंसी होगी ब्लैकलिस्ट


कैथल, 30 जुलाई (हि.स.)। हरियाणा राज्य सफाई कर्मचारी आयोग के सदस्य एवं अधिवक्ता संजीव घारू ने कहा कि यदि सफाई कर्मचारियों को नियमानुसार वेतन नहीं दिया जा रहा है या उनके साथ किसी प्रकार की लापरवाही बरती जा रही है तो इसकी जांच कर दोषी एजेंसी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। जांच में लापरवाही मिलने पर संबंधित एजेंसी को ब्लैकलिस्ट किया जाएगा। गुरुवार को आयोग के सदस्य संजीव घारू और सदस्य रेखा रानी ने कैथल का दौरा कर डंपिंग यार्ड, नगर परिषद और नागरिक अस्पताल का निरीक्षण किया।

डंपिंग यार्ड में सफाई कर्मचारियों को सुरक्षा उपकरण और आवश्यक सुविधाएं पर्याप्त रूप से उपलब्ध नहीं मिलने पर आयोग ने अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई। उन्होंने कहा कि सफाई कर्मचारियों की सुरक्षा और स्वास्थ्य प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है और इसमें किसी भी तरह की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

निरीक्षण के दौरान आयोग के सदस्यों ने सफाई कर्मचारी अमन, सूरजभान, वेद प्रकाश, गंगाराम, संतरो, प्रमोद और बलिंद्र से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं। साथ ही कचरा पृथक्करण कार्य और वहां की व्यवस्थाओं की भी समीक्षा की।

इसके बाद आयोग की टीम नगर परिषद पहुंची, जहां ठेके पर कार्यरत सफाई कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि उन्हें नियमित वेतन नहीं मिलता और मिलने पर भी निर्धारित राशि से कम भुगतान किया जाता है। इस पर संजीव घारू ने करीब 160 सफाई कर्मचारियों से अलग-अलग लिखित शिकायतें देने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी कर्मचारियों को न्यूनतम वेतन 15 हजार 220 रुपये प्रतिमाह के अनुसार भुगतान सुनिश्चित कराया जाए। साथ ही पूरे मामले की जांच कर एजेंसी की लापरवाही मिलने पर उसे ब्लैकलिस्ट करने और सुरक्षा उपकरण उपलब्ध न कराने वाले सफाई निरीक्षक के खिलाफ भी कार्रवाई करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर जिलाध्यक्ष ज्योति सैनी, सिविल सर्जन डॉ. रेणु चावला, नगर परिषद के ईओ संदीप सोलंकी, सचिव पवन शर्मा, श्रम विभाग के अधिकारी, सफाई कर्मचारियों के प्रधान महिंद्र बिडलान सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / पंकज अत्रे