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हिसार : सीडीओई के अंतर्गत संचालित सभी कार्यक्रम नियमित पाठ्यक्रमों के समकक्ष मान्यता प्राप्त : प्रो. नरसी राम बिश्नोई

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हिसार : सीडीओई के अंतर्गत संचालित सभी कार्यक्रम नियमित पाठ्यक्रमों के समकक्ष मान्यता प्राप्त : प्रो. नरसी राम बिश्नोई


गुजवि में दूरस्थ एवं ऑनलाइन शिक्षा केंद्र

(सीडीओई) के शीतकालीन सत्र के लिए प्रवेश प्रक्रिया जारी

हिसार, 15 मार्च (हि.स.)। यहां के गुरु जम्भेश्वर

विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के दूरस्थ एवं ऑनलाइन शिक्षा केंद्र (सीडीओई)

के शीतकालीन सत्र 2025-26 के लिए प्रवेश प्रक्रिया जारी है। विश्वविद्यालय द्वारा संचालित

ओपन एंड डिस्टेंस लर्निंग (ओडीएल) तथा ऑनलाइन कार्यक्रम विद्यार्थियों के लिए एक महत्वपूर्ण

अवसर प्रदान कर रहे हैं। विश्वविद्यालय प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सीडीओई के अंतर्गत

संचालित सभी कार्यक्रम नियमित पाठ्यक्रमों के समकक्ष मान्यता प्राप्त हैं तथा दूरस्थ

शिक्षा ब्यूरो (डीईबी) दृ विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) से विधिवत स्वीकृत हैं।

इससे विद्यार्थियों को गुणवत्तायुक्त और मान्यता प्राप्त शिक्षा प्राप्त करने का अवसर

मिलता है।

विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. नरसी राम बिश्नोई

ने कहा कि वर्तमान समय में दूरस्थ एवं ऑनलाइन शिक्षा उच्च शिक्षा के दायरे को व्यापक

बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। उन्होंने कहा कि गुजविप्रौवि विद्यार्थियों

को गुणवत्तापूर्ण, किफायती और रोजगारोन्मुख शिक्षा प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है।

सीडीओई के माध्यम से ऐसे विद्यार्थियों को भी उच्च शिक्षा से जोड़ा जा रहा है, जो किसी

कारणवश नियमित रूप से विश्वविद्यालय में आकर अध्ययन नहीं कर सकते।

उपलब्ध स्नातक एवं स्नातकोत्तर कार्यक्रम

सीडीओई के अंतर्गत विभिन्न स्नातक और स्नातकोत्तर

कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं। स्नातक (यूजी) कार्यक्रमों में बीए, बीए (मास कम्युनिकेशन)

व बी.कॉम शामिल हैं। स्नातकोत्तर (पीजी) कार्यक्रमों में एमए मास कम्युनिकेशन, एमए

मास कम्युनिकेशन (लेटरल एंट्री), एमबीए, एमकॉम, एमसीए, एमए हिंदी, एमए अंग्रेजी, एमएससी

गणित शामिल हैं। इसके अतिरिक्त सीडीओई द्वारा छह माह से एक वर्ष अवधि के 13 डिप्लोमा

कार्यक्रम भी संचालित किए जा रहे हैं। साथ ही विद्यार्थियों के कौशल विकास को ध्यान

में रखते हुए तीन से चार माह अवधि के 32 सर्टिफिकेट कोर्स भी उपलब्ध कराए गए हैं।

अध्ययन केंद्र एवं परीक्षा केंद्र की सुविधा

विद्यार्थियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए

विश्वविद्यालय ने हरियाणा के विभिन्न जिलों में 30 से अधिक अध्ययन केंद्र (स्टडी सेंटर)

स्थापित किए हैं, जहां प्रवेश, अकादमिक मार्गदर्शन और अन्य शैक्षणिक सहायता उपलब्ध

करवाई जा रही है। इसके साथ ही विद्यार्थियों को परीक्षा देने में किसी प्रकार की असुविधा

न हो, इसके लिए हरियाणा के लगभग प्रत्येक जिले में परीक्षा केंद्र (परीक्षा केंद्र)

भी निर्धारित किए गए हैं।

प्रत्यक्ष संवाद प्रणाली

दूरस्थ एवं ऑनलाइन शिक्षा केंद्र के निदेशक प्रो.

खुजान सिंह ने बताया कि विद्यार्थियों की शैक्षणिक और प्रशासनिक सहायता के लिए एक प्रत्यक्ष

संवाद प्रणाली (डायरेक्ट कम्युनिकेशन सिस्टम) विकसित की गई है। इसके माध्यम से नामांकित

विद्यार्थियों से टेलीफोन, व्हाट्सएप तथा ई-मेल के माध्यम से नियमित संपर्क बनाए रखा

जाता है, जिससे उनकी समस्याओं का त्वरित समाधान किया जा सके।

पर्सनल कॉन्टैक्ट प्रोग्राम एवं मॉनिटरिंग सत्र

प्रो. खुजान सिंह ने बताया कि विद्यार्थियों

के लिए समय-समय पर पर्सनल कॉन्टैक्ट प्रोग्राम (पीसीपी) आयोजित किए जाते हैं, जिनमें

विषय विशेषज्ञ अध्यापक ऑनलाइन माध्यम से कक्षाएं लेकर महत्वपूर्ण विषयों की व्याख्या

करते हैं। इसके अतिरिक्त मॉनिटरिंग सत्र भी आयोजित किए जाते हैं, जिनमें विशेषज्ञ शिक्षक

विद्यार्थियों की शैक्षणिक तथा प्रशासनिक समस्याओं का समाधान करते हैं। उन्होंने यह

भी बताया कि अनुसूचित जाति के विद्यार्थियों के लिए प्रधानमंत्री फेलोशिप योजना के

अंतर्गत फीस का पूर्ण वहन सरकार द्वारा किया जाता है, जिससे आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों

को उच्च शिक्षा प्राप्त करने में सहायता मिलती है। उन्होंने जानकारी दी कि सीडीओई के

ऑनलाइन कार्यक्रमों में वर्तमान में 400 से अधिक विदेशी विद्यार्थी भी नामांकित हैं,

जो विश्वविद्यालय की अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बढ़ती प्रतिष्ठा को दर्शाता है।

हिन्दुस्थान समाचार / राजेश्वर