हांसी के डॉ. सूर्यकांत विश्व के शीर्ष दो प्रतिशत वैज्ञानिकों में शामिल
स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी और एल्सेवियर की सूची में मिली जगह
कृषि विज्ञान के क्षेत्र में 120 शोध पत्र प्रकाशित
हांसी, 13 अक्टूबर (हि.स.)। हांसी के डॉ. सूर्यकांत ने अपनी वैज्ञानिक उपलब्धियों
से देश और प्रदेश का नाम अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रोशन किया है। अमेरिका की स्टैनफोर्ड
यूनिवर्सिटी और एल्सेवियर की ओर से जारी सूची में उन्हें वर्ष 2026 के लिए विश्व के
शीर्ष दो प्रतिशत वैज्ञानिकों में स्थान मिला है।
यह उपलब्धि उनके शोध कार्य और वैज्ञानिक
योगदान को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मिली पहचान को दर्शाती है।
डॉ. सूर्यकांत ऑस्ट्रेलिया की ला ट्रोब यूनिवर्सिटी में कार्यरत हैं और कृषि
विज्ञान के क्षेत्र में शोध कर रहे हैं। उनके अब तक प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय जर्नल्स
में 120 शोध पत्र प्रकाशित हो चुके हैं। इनमें से 20 शोध पत्र वर्ष 2026 में ही प्रकाशित
हुए हैं। वे ऑस्ट्रेलिया, भारत, कनाडा, इजराइल, चीन और फ्रांस सहित कई देशों के संस्थानों
में रिसर्च एडवाइजर के रूप में भी सेवाएं दे रहे हैं।
खेल प्रेरक हरियाणा एवं अधिवक्ता राजनारायण पंघाल ने मंगलवार काे डॉ. सूर्यकांत को इस उपलब्धि
पर बधाई दी। उन्होंने कहा कि भारतीय वैज्ञानिक अपनी मेहनत, ज्ञान और शोध के दम पर वैश्विक
स्तर पर देश की पहचान मजबूत कर रहे हैं। डॉ. सूर्यकांत की सफलता कृषि विज्ञान और अनुसंधान
के क्षेत्र में करियर बनाने की इच्छा रखने वाले युवाओं के लिए प्रेरणादायक है।
राजनारायण पंघाल ने बताया कि वर्ष 2017 में ऑस्ट्रेलिया यात्रा के दौरान उन्हें
डॉ. सूर्यकांत का साक्षात्कार लेने और उनके साथ फेसबुक लाइव पर बातचीत करने का अवसर
मिला था।
उस मुलाकात की यादें आज भी उनके लिए खास हैं। डॉ. सूर्यकांत को अंतरराष्ट्रीय
स्तर पर मिली इस पहचान से उन्हें गर्व और खुशी महसूस हो रही है। उन्होंने उम्मीद जताई
कि डॉ. सूर्यकांत भविष्य में भी अपने शोध और वैज्ञानिक योगदान से देश एवं प्रदेश का
गौरव बढ़ाते रहेंगे।
हिन्दुस्थान समाचार / राजेश्वर

