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पानीपत: जुआ खेलते पकड़े युवकों को छोड़ने का आरोप,कांस्टेबल लाइन हाजिर

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पानीपत: जुआ खेलते पकड़े युवकों को छोड़ने का आरोप,कांस्टेबल लाइन हाजिर


पानीपत, 06 जून (हि.स.)। पानीपत पुलिस एक बार फिर से अपनी कार्यशैली को लेकर सवालों के घेरे में है। एक होटल में जुआ खेलने के आरोप में पकड़े गए युवक ने दावा किया है कि पुलिस ने मौके से चार नहीं, बल्कि 19 युवकों को हिरासत में लिया था। इनमें से 15 युवकों को कथित तौर पर लाखों रुपए की रिश्वत लेने के बाद छोड़ दिया गया। युवक द्वारा एसपी को लिखित शिकायत दिए जाने के बाद पुलिस अधीक्षक भूपेंद्र सिंह ने आरोपी कॉन्स्टेबल सुनील को तत्काल प्रभाव से लाइनहाजिर कर दिया है और पूरे मामले की विभागीय जांच के आदेश दिए हैं।

मुख्य शिकायतकर्ता सोनू कोहली ने बताया कि 31 मई की रात वह अपने साथियों के साथ सनौली रोड स्थित गणपति गेस्ट हाउस में में मौजूद था। इसी दौरान एंटी नारकोटिक सेल की टीम ने वहां छापा मारा। पुलिस ने आधिकारिक रिकॉर्ड में सिर्फ चार युवकों की गिरफ्तारी और 36,600 रुपए नकद बरामदगी दिखाई थी, जबकि वास्तव में मौके से 19 युवकों को पकड़ा गया था और करीब डेढ़ लाख रुपए नकद बरामद किए गए थे। सोनू का आरोप है कि होटल में पहुंचते ही पुलिसकर्मियों ने नाम पूछ-पूछकर बेरहमी से पिटाई शुरू कर दी। इसके बाद सभी 19 युवकों को समालखा अनाज मंडी स्थित एंटी नारकोटिक्स सैल कार्यालय ले जाया गया। टीम उन्हें मुख्य गेट से ले जाने की बजाय पिछले दरवाजे से अंदर लेकर गई। वहां पहुंचने के बाद चार युवकों को अलग कर दिया गया।

सोनू का आरोप है कि इसी दौरान सुनील नाम के एक पुलिसकर्मी ने मुखबिर को वॉट्सएप वीडियो कॉल की और करीब आधे घंटे तक वीडियो कॉल चालू रखी। पुलिसकर्मियों ने युवकों को निर्वस्त्र कर दिया और गाली-गलौज करते हुए बेरहमी से मारपीट की, ताकि वीडियो कॉल पर मुखबिर को उनकी हालत दिखाई जा सके। जिला सिक्योरिटी इंचार्ज राकेश ने बताया कि शिकायतकर्ता सोनू ने उन्हें लिखित शिकायत दी है उन्होंने शिकायत मिलने के बाद मामले की जानकारी तुरंत एसपी को दी। इसके बाद कॉन्स्टेबल सुनील को लाइनहाजिर कर दिया गया और मामले की विभागीय जांच शुरू कर दी गई।

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हिन्दुस्थान समाचार / अनिल वर्मा