home page

जींद : अवैध फैक्टरी में आगजनी की घटना के बाद प्रशासन सख्त

 | 
जींद : अवैध फैक्टरी में आगजनी की घटना के बाद प्रशासन सख्त


जींद, 09 मार्च (हि.स.)। सफीदों की गीता कालोनी में अवैध रूप से चल रही रंग फैक्टरी में लगी आग से छह महिलाओं की मौत के बाद अवैध फैक्ट्रियों व वर्कशॉप पर कार्रवाई के लिए कमेटी का गठन किया गया है। बिना अनुमति और सुरक्षा मानकों के विपरीत संचालित हो रही अवैध फैक्ट्रियों और वर्कशॉप पर सख्त कार्रवाई के निर्देश देते हुए एसडीएम पुलकित मल्होत्रा ने कहा कि ऐसी सभी इकाइयों को तुरंत प्रभाव से सील करके बंद कराया जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसी भी फैक्टरी, वर्कशॉप या अन्य कारखाने में यदि आगजनी अथवा अन्य दुर्घटनाओं से बचाव के पुख्ता प्रबंध नही हैं और वह अवैध रूप से संचालित हो रहा है तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

एसडीएम पुलकित मल्होत्रा ने सोमवार को लघु सचिवालय स्थित अपने कार्यालय में विभिन्न विभागों के अधिकारियों की बैठक ली। बैठक में उन्होंने उपमंडल के शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों में चल रही अवैध औद्योगिक गतिविधियों की समीक्षा की और संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि ऐसे सभी स्थानों की पहचान कर तुरंत कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। अकसर देखा गया है कि आबादी वाले क्षेत्रों में बिना किसी अनुमति के चोरी छिपे फैक्ट्रियां, वर्कशॉप या अन्य छोटे-बड़े कारखाने संचालित किए जा रहे हैं। जिनमें न तो सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम होते हैं और न ही श्रमिकों की सुरक्षा का ध्यान रखा जाता है।

ऐसी परिस्थितियों में किसी भी समय दुर्घटना होने की आशंका बनी रहती है। जिससे मजदूरों और आसपास के लोगों की जान-माल को भारी नुकसान हो सकता है। ऐसे में इन फैक्ट्रियों का पता लगा कर तुरंत कार्रवाई अमल में लाई जाए। एसडीएम ने संबंधित विभागों के अधिकारियों की एक संयुक्त कमेटी भी गठित की है। इस कमेटी में जिला नगर योजनाकार, क्षेत्रीय अधिकारी प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, उद्योग विभाग हिसार के उप निदेशक, सहायक श्रम आयुक्त एवं निरीक्षक, जिला दमकल अधिकारी, बीडीपीओ सफीदों व पिल्लूखेड़ा तथा नगरपालिका सफीदों के सचिव को शामिल किया गया है। यह कमेटी विभिन्न क्षेत्रों का निरीक्षण करेगी और जहां भी अवैध फैक्टरी, वर्कशॉप या अन्य औद्योगिक इकाई संचालित मिलती है, उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई करते हुए उसे सील किया जाएगा।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / विजेंद्र मराठा