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हरियाणा में एसआईआर के दौरान 33.36 लाख मतदाता मृत, स्थानांतरित या डुप्लीकेट मिले

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चंडीगढ़, 14 जुलाई (हि.स.)। हरियाणा में मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के दौरान कुल 33 लाख 36 हजार 31 मतदाता संदग्धि श्रेणी के मिले हैं। यह ऐसे मतदाता हैं जो या तो मृत हैं, स्थायी रूप से स्थानांतरित हो चुके हैं, एक से अधिक स्थानों पर पंजीकृत (डुप्लीकेट) हैं अथवा निर्धारित पते पर उपलब्ध नहीं मिले हैं। यह कुल मतदाताआों का 16.15 प्रतिशत है।

हरियाणा के मुख्य निर्वाचन अधिकारी ए श्रीनिवास ने बताया कि इन प्रविष्टियों को नियमानुसार हटाने की प्रक्रिया अपनाई जाएगी, जिससे राज्य की मतदाता सूचियां पहले की तुलना में अधिक शुद्ध और पारदर्शी बन सकेंगी।

मुख्य निर्वाचन अधिकारी के अनुसार राज्य में कुल 2 करोड़ 6 लाख 55 हजार 929 मतदाता दर्ज हैं। इनमें से 2 करोड़ 6 लाख 11 हजार 832 मतदाताओं (99.79 प्रतिशत) तक बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) द्वारा गणना प्रपत्र पहुंचाए जा चुके हैं। इनमें से 1 करोड़ 70 लाख 5 हजार 842 प्रपत्र (82.33 प्रतिशत) का डिजिटाइजेशन भी पूरा कर लिया गया है। शेष मतदाताओं से संपर्क कर प्रपत्र एकत्र करने और उन्हें ऑनलाइन दर्ज करने का कार्य अब 24 जुलाई तक जारी रहेगा।

ए. श्रीनिवास ने बताया कि विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के दौरान बीएलओ घर-घर जाकर प्रत्येक मतदाताओं का सत्यापन कर रहे हैं। इसी प्रक्रिया में बड़ी संख्या में ऐसे नाम सामने आए हैं, जो वास्तविक रूप से मतदाता सूचियों में बने रहने के पात्र नहीं हैं। इनमें मृत व्यक्तियों के नाम, दूसरे स्थान पर स्थानांतरित हो चुके मतदाता, एक से अधिक स्थानों पर दर्ज नाम तथा लंबे समय से अनुपस्थित मतदाता शामिल हैं।

इस बीच मंगलवार को भारत निर्वाचन आयोग ने हरियाणा के मतदाताओं को राहत देते हुए गणना प्रपत्र (इन्युमरेशन फार्म) जमा करने और उनके डिजिटाइजेशन की समय सीमा 14 जुलाई से बढ़ाकर 24 जुलाई कर दी है। हरियाणा में 15 जून से मतदाता सूचियों का विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान चालू हुआ था, जो कि मंगलवार को खत्म होने वाला था।

संशोधित कार्यक्रम के अनुसार अब बीएलओ द्वारा घर-घर जाकर मतदाताओं का सत्यापन व गणना प्रपत्र प्राप्त करने का कार्य 24 जुलाई तक किया जाएगा। इसके साथ ही 24 जुलाई तक मतदान केंद्रों के रि-अरेंजमेंट कार्य को भी पूरा करना होगा, जबकि ड्राफ्ट सूची का प्रकाशन 31 जुलाई को होगा। 31 जुलाई से 30 अगस्त तक दावे एवं आपत्तियां प्राप्त की जाएंगी व इनका समाधान 28 सितंबर तक किया जाएगा। अंतिम नामावली यानी फाइनल वोटर लिस्ट 3 अक्टूबर को प्रकाशित की जाएगी।

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हिन्दुस्थान समाचार / संजीव शर्मा