home page

गुरुग्राम: लाल किले से राष्ट्रीय ध्वज दिवस की घोषणा करें प्रधानमंत्री: शील मधुर

 | 
गुरुग्राम: लाल किले से राष्ट्रीय ध्वज दिवस की घोषणा करें प्रधानमंत्री: शील मधुर


-सादर इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व पुलिस महानिदेशक ने फिर लिखा पीएम को पत्र

-इस मांग को लेकर लगातार सात वर्षों से प्रयासरत हैं पूर्व डीजीपी शील मधुर

गुरुग्राम, 13 अगस्त (हि.स.)। सादर इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व पुलिस महानिदेशक शील मधुर ने एक बार फिर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखा है। पत्र में प्रधानमंत्री से देशवासियों की बहुप्रतीक्षित राष्ट्रीय ध्वज दिवस की मांग पूरी करने का अनुरोध किया है। उन्होंने प्रधानमंत्री से आग्रह किया है कि वे 15 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर लाल किले की प्राचीर से राष्ट्र के नाम संबोधन के दौरान 22 जुलाई को राष्ट्रीय ध्वज दिवस अथवा तिरंगा दिवस के रूप में मनाने की घोषणा करें।

पूर्व डीजीपी शील मधुर ने गुरुवार को कहा कि वे पिछले सात वर्षों से इस मांग को पूरा करवाने के लिए लगातार प्रयासरत हैं। उनका कहना है कि तिरंगा केवल राष्ट्रीय ध्वज नहीं, बल्कि देश की स्वतंत्रता, एकता, संप्रभुता, संविधान और स्वतंत्रता सेनानियों के त्याग का सर्वोच्च प्रतीक है। राष्ट्रीय ध्वज के प्रति सम्मान की भावना को और मजबूत करने के लिए एक विशेष दिवस को औपचारिक मान्यता मिलनी चाहिए। उन्होंने कहा कि 22 जुलाई का दिन इसके लिए ऐतिहासिक रूप से सर्वाधिक उपयुक्त है, क्योंकि 22 जुलाई 1947 को संविधान सभा ने वर्तमान स्वरूप वाले तिरंगे को स्वतंत्र भारत के राष्ट्रीय ध्वज के रूप में स्वीकार किया था। इसी ऐतिहासिक महत्व को देखते हुए सादर इंडिया लगातार 22 जुलाई को राष्ट्रीय ध्वज दिवस घोषित किए जाने की मांग उठा रहा है।

शील मधुर ने कहा कि विश्व के अनेक विकसित देशों में अपने राष्ट्रीय ध्वज के सम्मान और उसके प्रति नागरिकों में गौरव की भावना पैदा करने के लिए राष्ट्रीय ध्वज दिवस मनाने की परंपरा है। भारत जैसे विशाल लोकतांत्रिक और विविधताओं से भरे राष्ट्र में भी तिरंगे को समर्पित एक राष्ट्रीय दिवस देश को एक सूत्र में बांधने का सशक्त माध्यम बन सकता है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी यदि लाल किले की प्राचीर से राष्ट्रीय ध्वज दिवस की घोषणा करते हैं तो इससे न केवल तिरंगे के प्रति सम्मान और बढ़ेगा, बल्कि देश में एकता, सामाजिक सद्भाव और भाईचारे की भावना भी मजबूत होगी। विशेष रूप से नई पीढ़ी में राष्ट्र, राष्ट्रीय प्रतीकों और स्वतंत्रता आंदोलन के मूल्यों के प्रति जागरूकता बढ़ेगी तथा देशभक्ति की भावना को नई ऊर्जा मिलेगी। शील मधुर ने उम्मीद जताई कि इस स्वतंत्रता दिवस पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 22 जुलाई को राष्ट्रीय ध्वज दिवस घोषित कर देशवासियों को एक ऐतिहासिक सौगात देंगे और वर्षों से चली आ रही इस मांग को राष्ट्रीय पहचान प्रदान करेंगे।

हिन्दुस्थान समाचार / ईश्वर