गुरुग्राम: गांव की प्राथमिक जरूरतों को प्रशासन तक पहुंचाएं पंचायत प्रतिनिधि: लोकेश यादव
-गांव चंदू में प्रशासन का रात्रि ठहराव, एसडीएम ने सुनी समस्याएं
-मौके पर ही कई समस्याओं के समाधान के दिए निर्देश
गुरुग्राम, 01 सितंबर (हि.स.)। प्रशासन की ओर से चलाए जा रहे रात्रि प्रवास कार्यक्रम के तहत मानेसर के एसडीएम लोकेश यादव ने गांव चंदू में रात्रि ठहराव किया। इस दौरान उन्होंने ग्रामीणों के साथ संवाद कर गांव की मूलभूत सुविधाओं, विकास कार्यों तथा अन्य स्थानीय विषयों पर चर्चा की। ग्रामीणों द्वारा रखी गई समस्याओं को गंभीरता से सुनते हुए उन्होंने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।
एसडीएम लोकेश यादव ने कहा कि प्रशासनिक व्यवस्था का वास्तविक उद्देश्य तभी पूरा होता है, जब अधिकारी कार्यालयों तक सीमित रहने के बजाय आमजन के बीच जाकर उनकी जरूरतों और समस्याओं को समझें। एसडीएम ने ग्रामीणों से बातचीत के दौरान कहा कि गांव के विकास से जुड़े कार्यों में स्थानीय लोगों की भागीदारी बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने पंचायत प्रतिनिधियों एवं ग्रामीणों से आग्रह किया कि वे गांव की प्राथमिक आवश्यकताओं की पहचान कर प्रशासन के समक्ष रखें, ताकि उपलब्ध संसाधनों के अनुसार विकास कार्यों को प्राथमिकता दी जा सके। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि ग्रामीणों से प्राप्त शिकायतों और सुझावों पर केवल कागजी कार्रवाई तक सीमित न रहें, बल्कि प्रत्येक मामले में आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करें। जिन समस्याओं का समाधान विभागीय स्तर पर संभव है, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर निपटाने तथा अन्य मामलों को संबंधित उच्च अधिकारियों के समक्ष भेजने के निर्देश दिए गए।
परिवार पहचान पत्र सहित जरूरी दस्तावेज रखें अपडेट
एसडीएम लोकेश यादव ने ग्रामीणों से अपील की कि वे परिवार पहचान पत्र सहित अपने अन्य आवश्यक दस्तावेजों में जानकारी को समय-समय पर अपडेट करवाते रहें। उन्होंने कहा कि सरकारी योजनाओं का लाभ लेने के लिए पात्रता संबंधी दस्तावेजों का सही एवं नवीनतम होना जरूरी है। उन्होंने ग्रामीणों से कहा कि किसी योजना का लाभ लेने में परेशानी आने पर संबंधित विभाग के अधिकारियों से संपर्क करें, ताकि समस्या का समाधान किया जा सके।
नशे के खिलाफ गांव स्तर पर मजबूत करें सामाजिक जागरुकता
रात्रि प्रवास के दौरान एसडीएम ने ग्रामीणों से नशे के बढ़ते दुष्प्रभावों को लेकर भी चर्चा की। उन्होंने कहा कि नशा युवा पीढ़ी के भविष्य के साथ-साथ पूरे परिवार और समाज को प्रभावित करता है। इससे निपटने के लिए प्रशासनिक कार्रवाई के साथ सामाजिक जागरूकता भी उतनी ही जरूरी है।
हिन्दुस्थान समाचार / ईश्वर

