गुरुग्राम व नूंह क्षेत्र में बिजली के निजीकरण की योजना जनविरोधी: पंकज डावर
-आम जनता के हितों की रक्षा के लिए कांग्रेस मजबूती से जनता के साथ खड़ी
-किसी भी कीमत पर बिजली का निजीकरण नहीं होने दिया जाएगा
गुरुग्राम, 21 अक्टूबर (हि.स.)। कांग्रेस के जिला अध्यक्ष (शहरी) पंकज डावर ने हरियाणा सरकार द्वारा बिजली के निजीकरण के फैसले का कड़ा विरोध किया है। उन्होंने कहा कि यह फैसला प्रदेश की जनता को सीधी चोट पहुंचाने वाला है। एक तरफ केंद्र सरकार राजकीय प्रतिष्ठानों को बेच रही है तो दूसरी तरफ हरियाणा की भाजपा सरकार भी उसी राह पर चल पड़ी है। यह आम जनता के साथ धोखा और पूंजीपतियों को फायदा पहुंचाने की साजिश है।
पंकज डावर ने बुधवार को जारी बयान में कहा कि बिजली का निजीकरण किसी भी सूरत में हरियाणा की जनता और विपक्ष स्वीकार नहीं करेगा। सरकार की इस सौदेबाजी को कामयाब नहीं होने दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि हरियाणा में बिजली सिस्टम को मजबूत करने के लिए अब तक करोड़ों रुपये खर्च किए जा चुके हैं। यह पैसा जनता का पैसा है। क्या सरकार इस पूरे निवेश को बर्बाद करना चाहती है। सरकार ने ग्रिड, सब-स्टेशन, लाइनें और अन्य इंफ्रास्ट्रक्चर पर जो पैसा लगाया है, वह निजीकरण के बाद निजी हाथों में चला जाएगा। उन्होंने सवाल उठाया कि जब सिस्टम पर इतना पैसा खर्च हो चुका है और बिजली निगम मुनाफे में आने लगे हैं, तो फिर निजीकरण की जरूरत क्यों पड़ रही है। यह साफ तौर पर पूंजीपति मित्रों को फायदा पहुंचाने का खेल है। गरीब, किसान, मजदूर, छोटा दुकानदार सभी बिजली पर निर्भर हैं। निजीकरण होने के बाद बिजली के दाम बढ़ेंगे और इसका सीधा बोझ आम आदमी पर पड़ेगा।
पंकज डावर ने कहा कि निजी कंपनियां मुनाफे के लिए काम करेंगी, सेवा के लिए नहीं। आज सरकारी दर पर जो बिजली मिल रही है, कल वही बिजली निजी कंपनियां कई गुना महंगी बेचेंगी। इससे महंगाई और बढ़ेगी और गरीब आदमी के लिए दो वक्त की रोटी जुटाना भी मुश्किल हो जाएगा। उन्होंने ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार लगातार एलआईसी, रेलवे, एयरपोर्ट, बंदरगाह जैसे सरकारी प्रतिष्ठानों को बेच रही है। अब हरियाणा सरकार भी उसी मॉडल पर काम कर रही है। भाजपा सरकार सरकारी संपत्तियों को अपने चहेते उद्योगपतियों को सौंपना चाहती है।
हिन्दुस्थान समाचार / ईश्वर

