गुरुग्राम: डीएलएफ की इमारत में मजदूर की मौत पर साथी मजदूरों ने काटा बवाल
-पुलिस ने काफी समय तक बीच-बचाव करके मजदूरों को समझाया
-मजदूर के शव को नाले के पास रखने से ज्यादा खफा हुए मजदूर
गुरुग्राम, 21 जनवरी (हि.स.)। डीएलएफ फेस-3 के पास बुधवार को निर्माणाधीन डीएलएफ की एक बिल्डिंग में एक श्रमिक की मौत हो गई। वहां काम करने वाले अन्य मजदूरों का आरोप है कि कंपनी के लोगों ने उनके साथी का शव रूम से बाहर निकालकर बाहर नाले के पास रख दिया। नाले के पास काफी गंदगी थी। उसके शव के साथ कंपनी ने बदसलूकी की। ऐसा देखकर मजदूरों ने वहां पर हंगामा मचा दिया। बुधवार को इस घटना की सूचना पाकर पुलिस मौके पर पहुंची और मजदूरों को समझाया।
जानकारी के अनुसार डीएलएफ फेस-3 के पास डीएलएफ की एक बिल्डिंग में निर्माण कार्य चल रहा है। इस काम में काफी प्रवासी मजदूर लगे हैं। मजदूरों का कहना है कि वे अलबेलिया कंपनी ठेकेदार के अधीन काम करते हैं। पिछले चार-पांच दिन से ग्रैप-4 नियमों के चलते कन्स्ट्रक्शन का काम बंद चल रहा था। मंगलवार-बुधवार देर रात इस निर्माण साइट पर काम करने वाले बिहार के सहरसा के रहने वाले मजदूर दानी यादव की मौत हो गई। मजदूरों ने आरोप लगाया कि कंपनी के लोगों ने उनके साथी मजदूर का शव कमरे से बाहर निकालकर नाले के पास रख दिया। वहां पर काफी गदंगी पड़ी थी। उसके शव के साथ कंपनी ने बदसलूकी की गई। मृतक मजदूर के साथियों ने बुधवार की सुबह साइट पर ही हंगामा शुरू कर दिया। इसी बीच जब कंपनी की पिकअप गाड़ी मजदूर के शव को ले जा रही थी तो मजदूरों का गुस्सा और अधिक बढ़ गया। उन्होंने पिकअप गाड़ी को पलट दिया। साथ ही साथी मजदूर के शव को कमरे में ही रख दिया।
इस घटना की सूचना पाकर पुलिस मौके पर पहुंची। मजदूरों ने पुलिस अधिकारियों के सामने कहा कि ठेकेदार ने सुरक्षा नियमों की अनदेखी की है। उसकी लापरवाही से ही उनके साथी की मौत हुई है। घंटों तक मजदूर अपने साथी को न्याय दिलाने और मुआवजे की मांग पर अड़े रहे। गुस्साए मजदूरों को डीएलएफ फेस-3 के थाना प्रभारी संदीप समझाने में लगे थे। काफी समय के बाद उन्होंने मजदूरों को शांत किया। उन्होंने उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया। पुलिस शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भिजवा दिया।
हिन्दुस्थान समाचार / ईश्वर

