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सोनीपत: सफाई और फायर कर्मचारियों की मांगों पर सरकार की सैद्धांतिक सहमति

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सोनीपत: सफाई और फायर कर्मचारियों की मांगों पर सरकार की सैद्धांतिक सहमति


सोनीपत, 23 अगस्त (हि.स.)। सोनीपत

उपायुक्त नेहा सिंह ने रविवार को कहा कि सफाई एवं फायर कर्मचारियों की विभिन्न मांगों

पर सरकार ने सहानुभूतिपूर्वक विचार करते हुए कई महत्वपूर्ण मांगों पर सैद्धांतिक सहमति

दी है। कर्मचारियों को वर्दी भत्ता, समान कार्य-समान वेतन, बकाया राशि, यात्रा रियायत,

न्यूनतम वेतन, कर्मचारी राज्य बीमा और कर्मचारी भविष्य निधि सहित कई लाभ देने पर सहमति

बनी है।

उपायुक्त

ने बताया कि कर्मचारियों को 440 रुपये प्रतिमाह वर्दी भत्ता, पात्र कर्मचारियों को

समान कार्य-समान वेतन और बकाया राशि का भुगतान तथा न्यूनतम वेतन अधिनियम के अनुसार

न्यूनतम वेतन देने पर सैद्धांतिक स्वीकृति दी गई है। पात्र कर्मचारियों को कर्मचारी

राज्य बीमा और कर्मचारी भविष्य निधि का लाभ देने पर भी सहमति है। दो हजार रुपये प्रतिमाह जोखिम भत्ता, अनुकंपा सहायता

राशि को पांच लाख से बढ़ाकर 10 लाख रुपये करने तथा दुर्घटना बीमा के तहत मृत्यु होने

पर 50 लाख और स्थायी दिव्यांगता की स्थिति में 25 लाख रुपये की सहायता देने पर भी सैद्धांतिक

सहमति दी गई है। पालिका रोल और दैनिक वेतन पर कार्यरत कर्मचारियों को पीएम-एजेएवाई-चिरायु

योजना में शामिल करने, 20 चिकित्सा अवकाश और 20 आकस्मिक अवकाश देने तथा सफाई कर्मचारियों

और सीवरमैनों को लिपिक, समूह-ग पद पर पदोन्नति का प्रावधान करने पर भी सहमति बनी है।

पालिका

रोल पर कार्यरत सफाई और फायर कर्मचारियों को नियमित करने की मांग पर सरकार कानूनी जांच

करवा रही है। उपायुक्त ने बताया कि इन कर्मचारियों को हरियाणा संविदात्मक कर्मचारी

(सेवा की सुनिश्चितता) अधिनियम, 2024 के दायरे में लाने का प्रयास किया जा रहा है,

जिससे उन्हें नियमित कर्मचारियों के लगभग समान लाभ मिल सकें और 60 वर्ष की आयु तक सेवा

की सुनिश्चितता बनी रहे। पालिका रोल पर कार्यरत सफाई कर्मचारियों का न्यूनतम वेतन

19 हजार से बढ़ाकर 21 हजार रुपये प्रतिमाह करने पर भी विचार किया जा रहा है। अधिनियम

के तहत अर्धवार्षिक वेतन वृद्धि, मृत्यु-सह-सेवानिवृत्ति उपदान, मातृत्व अवकाश तथा

हरियाणा कौशल रोजगार निगम के तहत अनुग्रह सहायता और अनुग्रह नियुक्ति जैसे लाभ देने

पर भी सैद्धांतिक सहमति है।

कर्मचारियों

के हितों की रक्षा सरकार की प्राथमिकता है, लेकिन शहर की सफाई, अग्निशमन सेवाएं और

आमजन को निर्बाध नागरिक सुविधाएं उपलब्ध करवाना भी जरूरी है। उन्होंने कर्मचारियों

से मांगों के समाधान के लिए कानूनी और लोकतांत्रिक प्रक्रिया अपनाने तथा आमजन को परेशानी

से बचाने की अपील की।

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हिन्दुस्थान समाचार / नरेंद्र शर्मा परवाना