सरकारी खिलाड़ियों के लिए नई नीति : खेल में चमके तो बढ़ेगा वेतन
चंडीगढ़, 15 मई (हि.स.)। नायब सरकार ने सरकारी खिलाड़ियों के लिए नई नीति तैयार की है। अब खिलाड़ियों को खेल में बेहतर प्रदर्शन करने पर वेतनवृद्धि (इंक्रीमेंट) मिलेगा। मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी द्वारा शुक्रवार को जारी पत्र के अनुसार, पात्र सरकारी कर्मचारी को संबंधित खेल प्रतियोगिता के समापन की तिथि से एक वर्ष के भीतर वेतनवृद्धि का दावा प्रस्तुत करना अनिवार्य होगा। निर्धारित अवधि के बाद किए गए दावों पर लाभ नहीं मिलेगा।
राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर की खेल प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले हरियाणा सरकार के कर्मचारियों को अब खेल उपलब्धियों के आधार पर मिलने वाली वेतनवृद्धि (इंक्रीमेंट) दावा स्वीकृत होने के अगले महीने से प्रभावी होगी। राज्य सरकार ने इस संबंध में नए निर्देश जारी कर खेल प्रोत्साहन नीति को अधिक स्पष्ट और सुव्यवस्थित बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया है।
राज्य सरकार ने वर्ष 1990 में जारी पुराने निर्देशों की समीक्षा करते हुए खेल उपलब्धियों पर प्रदान की जाने वाली वेतनवृद्धि के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए अतिरिक्त प्रावधान जोड़े हैं। सरकार का उद्देश्य राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर प्रदेश और देश का नाम रोशन करने वाले सरकारी कर्मचारियों को पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से प्रोत्साहन उपलब्ध कराना है।
नए निर्देशों में यह भी स्पष्ट किया गया है कि आउटसोर्सिंग स्पोर्ट्स पर्सन्स पॉलिसी के तहत प्रत्यक्ष नियुक्ति प्राप्त खिलाड़ियों को इन प्रावधानों के अंतर्गत अतिरिक्त वेतनवृद्धि का लाभ नहीं दिया जाएगा।
उल्लेखनीय है कि हरियाणा सरकार पहले से ही राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय खेल प्रतियोगिताओं, प्रशिक्षण शिविरों, पर्वतारोहण अभियानों तथा सिविल सर्विसेज खेल प्रतियोगिताओं में भाग लेने वाले कर्मचारियों को विशेष सुविधाएं प्रदान करती रही है। इनमें प्रतियोगिता अवधि को ड्यूटी मानना, विशेष आकस्मिक अवकाश, यात्रा सुविधाएं तथा उत्कृष्ट प्रदर्शन पर वेतनवृद्धि जैसी प्रोत्साहन योजनाएं शामिल हैं।
सरकार ने सभी प्रशासनिक सचिवों, विभागाध्यक्षों, बोर्डों एवं निगमों के प्रबंध निदेशकों, मंडल आयुक्तों, उपायुक्तों, विश्वविद्यालयों के कुलसचिवों तथा संबंधित अधिकारियों को निर्देश जारी करते हुए कहा है कि इन प्रावधानों की जानकारी सभी पात्र कर्मचारियों तक सुनिश्चित रूप से पहुंचाई जाए और इनका सख्ती से पालन कराया जाए।
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हिन्दुस्थान समाचार / संजीव शर्मा

