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फरीदाबाद : प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने 25 कंस्ट्रक्शन साइट्स को थमाया नोटिस

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फरीदाबाद, 26 अक्टूबर (हि.स.)। दशहरा के बाद प्रदूषण के बढ़ते स्तर को देखते हुए ग्रैप वन के प्रतिबंध लागू कर दिए गए है। जिसके तहत निर्माणाधीन साइटों पर धूल रोकने के लिए पूरे इंतजाम होने चाहिए। इसके लिए प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की ओर से नगर निगम को पत्र लिखकर सूचित भी किया गया था। जिसमें कहा गया कि निगम की ओर से जहां पर भी निर्माण कार्य करवाएं जा रहे हैं। वहां पर धूल को रोकने के पूरे इंतजाम किए जाए। लेकिन बोर्ड की टीम की ओर से जब निर्माणाधीन साइटों का निरीक्षण पाया गया तो उड़ती धूल को रोकने को लेकर भारी लापरवाही पाई गई। बोर्ड की टीम ने पिछले तीन दिनों में 50 से अधिक साइटों का निरीक्षण किया। जिसमें निर्माण सामग्री ऐसे में खुले में रखी हुई पाई गई। इनको ढका नहीं गया था। इसके साथ ही छिडक़ाव को लेकर भी कोई इंतजाम नहीं थे। ऐसी 25 निर्माणाधीन साइटों पर बोर्ड की ओर से नोटिस जारी किए गए है। सोमवार को शहर में पीएम 10 का स्तर 117 माइक्रोग्राम क्यूबिक मीटर दर्ज किया गया है। ग्रेप लागू होने के बाद निगम की ओर से चार एंटी स्माग गन के साथ छिडक़ाव तो शुरू कर दिया गया है। लेकिन निर्माण साइटों पर धूल को रोकने के इंतजाम और कूड़े में आग लगाने वालों के चालान नहीं किए जा रहे हैं। आमतौर पर अक्टूबर माह के अंत तक निगम की ओर से निर्माण कार्यों पर रोक लगा दी जाती है। क्योंकि ठंड भी बढ़ जाती है। इसके साथ ही प्रदूषण का प्रभाव बढऩे का खतरा बना रहता है। लेकिन इस बार अलग-अलग जगहों पर निर्माण कार्य किए जा रहे हैं। शहर में अलग-अलग जगहों पर आग लगने के मामले सामने आ रहे हैं। सडक़ किनारे एकत्र कूड़े का निस्तारण करने के बजाय लोग उसमें आग लगा रहे हैं। जिससे शहर की हवा जहरीली हो रही है। लेकिन, निगम की ओर से अभी तक कूड़े में आग लगाने को चालान करने की प्रक्रिया शुरू नहीं की है। निगम अधिकारियों का कहना है कि त्योहारी सीजन के बाद टीम चालान शुरू करेगी। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड बल्लभगढ़ के क्षेत्रीय अधिकारी हरीश कुमार का कहना है कि प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की ओर से 50 साइटों का दौरा किया गया था। जिसमें से 25 साइट पर लापरवाही पाए जाने पर नोटिस जारी किया गया है।

हिन्दुस्थान समाचार / -मनोज तोमर